×

मध्य प्रदेश बनेगा देश की दुग्ध राजधानी : सीएम मोहन यादव

 

उज्जैन, 26 जनवरी (आईएएनएस)। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने गणतंत्र दिवस के मौके पर बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि मध्य प्रदेश देश की दुग्ध राजधानी बनेगा। सीएम मोहन यादव ने उज्जैन के कार्तिक मेला परिसर स्थित मैदान में गणतंत्र दिवस के मौके पर झंडा फहराया।

इस दौरान मुख्यमंत्री मोहन यादव ने अपने संबोधन में कहा कि आने वाले समय में मध्य प्रदेश देश की दुग्ध राजधानी बनेगा। राज्य में पशुपालन का कार्य किसानों और पशुपालकों के लिए लाभ का माध्यम बने। इसके लिए सरकार की ओर से लगातार प्रयास किया जा रहे हैं। लावारिस गोवंश के व्यवस्थापन के लिए प्रयास किया जा रहे हैं। गोशालाओं में प्रति गाय के अनुदान को 20 से बढ़कर 40 रुपये प्रति दिन कर दिया गया है। इसके अलावा बजट में गोशालाओं के अनुदान को 250 करोड़ से बढ़ाकर 505 करोड़ किया जा रहा है। राज्य में लगभग 3000 गोशालाएं है जहां 5 लाख गोवंश की देखभाल की जा रही हैं।

प्रदेश में मत्स्य पालन क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों का जिक्र करते हुए सीएम ने कहा कि इस दिशा में किए गए प्रयासों का ही नतीजा है कि राज्य को विशेष श्रेणी से उत्कृष्ट श्रेणी में पहुंचने का अवसर मिला है। यही कारण है कि हमारा प्रदेश मत्स्य उत्पादन के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहा है। निजी क्षेत्र की भी भागीदारी बढ़ रही है। डेढ़ लाख से अधिक मत्स्य पालकों को किसान क्रेडिट कार्ड दिए जा चुके हैं।

प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा क्षेत्र में भी राज्य सरकार अच्छा काम कर रही है। इसी तरह तालाब निर्माण और मत्स्य बीज उत्पादन के क्षेत्र में भी अच्छे काम हुए है। जनविश्वास अधिनियम 2024-25 के माध्यम से अनेक कानून के प्रावधान सरल किए गए हैं। जिसमें से अनावश्यक नियमों को हटाया गया, जिससे औद्योगिक विकास को नई दिशा मिली है।

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने आगे कहा कि आज दुनिया में भारत की गरिमा बढ़ रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश का नेतृत्व करते हुए दुनिया में देश की श्रेष्ठ छवि बनाई है। उन्होंने देश के गरीब, युवा, किसान और नारी के विकास का आह्वान किया है, जिसमें मध्य प्रदेश की सरकार कदम से कदम मिलाकर चल रही है।

उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना अंतर्गत प्रदेश में 4 लाख से अधिक आवास बनकर तैयार हो गए हैं। इस वर्ष हम लगभग 5.25 लाख आवास गृह बनाएंगे। मध्यप्रदेश में अनुसूचित जाति वर्ग के उत्थान का कार्य निरंतर चल रहा है। जनजातीय वर्ग के कल्याण के लिए अनेक योजनाएं संचालित हैं।

--आईएएनएस

एसएनपी/एसके