एलपीयू हिंसा के पीछे बड़ी साजिश की आशंका, सच सामने आना जरूरी : अशोक मित्तल
नई दिल्ली, 1 अक्टूबर (आईएएनएस)। पंजाब के जालंधर जिले में स्थित लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (एलपीयू) में हुई हिंसा को लेकर फाउंडर, चांसलर और भाजपा सांसद अशोक मित्तल की प्रतिक्रिया सामने आई है।
आईएएनएस से बातचीत करते हुए अशोक मित्तल ने कहा, "पंजाब में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए एक झूठी अफवाह फैली कि एक लड़की से दुष्कर्म हुआ और उसने आत्महत्या कर ली। साथ ही ऐसे ही और भी दावे किए गए। किसी ने सोचा भी नहीं होगा कि सिर्फ एक अफवाह से कितना नुकसान हो सकता है।
शोक मित्तल ने सवाल किया कि छात्रों को कैसे उकसाया गया और बाद में बाहरी लोग कैसे शामिल हुए और पूरी यूनिवर्सिटी को नुकसान पहुंचाया। एक दिन पहले ऐसी ही घटना पटियाला की एक यूनिवर्सिटी में हुई। इससे पता चलता है कि इसके पीछे कोई बहुत बड़ी साजिश हो सकती है। उस साजिश की तह तक जाना, उसका पर्दाफाश करना और सच को जनता के सामने लाना बहुत जरूरी है।"
उन्होंने कहा, "पंजाब की जनता और व्यापारी भयभीत हैं। व्यापारी सोच रहे हैं कि पंजाब में रहें या बाहर चले जाएं। गिरफ्तारियों की जानकारी मुझे नहीं है, लेकिन अगर गिरफ्तारी हुई है तो अच्छी बात है। एक दिन पहले पटियाला की यूनिवर्सिटी में और एक दिन बाद एलपीयू में घटना होना चिंता का विषय है। पंजाब में तीन करोड़ लोग रहते हैं, मुझे उनकी चिंता है, क्योंकि राज्यसभा में मैं उनका प्रतिनिधि हूं। पंजाब में गैंगस्टर समस्या और ड्रग्स पर कोई कंट्रोल नहीं है। कानून-व्यवस्था पर कोई कंट्रोल नहीं है और अब यह एक नई समस्या आ गई। इसलिए इसकी जांच करना बहुत जरूरी है।
पंजाब में नशा खत्म करने वाले गृह मंत्री अमित शाह के बयान पर अशोक मित्तल ने कहा, "गृह मंत्री स्पष्ट रूप से बोला है कि भाजपा की सरकार जहां भी आई अपने वादे को पूरा किया। भाजपा ने 50-60 वर्ष की नक्सलवाद समस्या को खत्म कर दिया। अनुच्छेद 370 को भाजपा ने खत्म कर दिया। कुछ राज्यों में उग्रवाद था। भाजपा ने उसको भी खत्म कर दिया। नशा भी उग्रवाद का ही एक हिस्सा है। अगर भाजपा ने नशे को खत्म करने का ठान लिया है और हमारी सरकार बन जाती है तो हम कर लेंगे। इसको खत्म करना बहुत आसान है।
--आईएएनएस
एसडी/वीसी