करवा चौथ पर बाराबंकी के बाजारों में उमड़ी महिलाओं की भीड़, मेहंदी और शृंगार का दिखा क्रेज
बाराबंकी, 29 अक्टूबर (आईएएनएस)। पति की लंबी उम्र और सुखी वैवाहिक जीवन की कामना के लिए मनाया जाने वाला करवा चौथ का पर्व धूमधाम से मनाया जाएगा। त्योहार को लेकर बाराबंकी के बाजारों में रौनक छाई हुई है। महिलाएं व्रत की तैयारियों में जुटी हैं। कोई डिजाइनर साड़ी और फैंसी सूट खरीद रही हैं, तो कोई चूड़ियां, आभूषणों और शृंगार के सामान की खरीदारी कर रही है। वहीं, मेहंदी लगवाने के लिए भी महिलाओं में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। बाजारों में देर रात तक खरीदारी का सिलसिला चलता रहा।
बाराबंकी की लइया मंडी में मेहंदी लगवाने के लिए महिलाओं की लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। महिलाएं अपने हाथों पर आकर्षक और मनपसंद डिजाइन बनवा रही हैं। मेहंदी लगाने वाले दुकानदारों के मुताबिक, पिछले तीन दिनों से सुबह 10 बजे से देर रात तक महिलाओं की भीड़ पहुंच रही है। प्रतिदिन 100 से अधिक महिलाएं मेहंदी लगवा रही हैं।
सामान्य दिनों में एक हाथ पर मेहंदी लगाने के लिए 50 से 100 रुपये तक खर्च करने पड़ते हैं लेकिन त्योहार के दौरान डिजाइन के हिसाब से कीमतें दो से ढाई गुना तक बढ़ गई हैं। इसके बावजूद महिलाओं में मेहंदी लगवाने को लेकर उत्साह कम नहीं हुआ है।
करवाचौथ के चलते धनोखर, नगर पालिका मार्केट और घंटाघर स्थित सर्राफा बाजार में भी खूब चहल-पहल है। महिलाएं साड़ी, सलवार-सूट, सोने की चेन, अंगूठी, चांदी की पायल और बिछिया की खरीदारी कर रही हैं। वहीं, चूड़ियों और अन्य शृंगार सामग्री की दुकानों पर भी ग्राहकों की भीड़ जुट रही है। पूजन सामग्री बेचने वाली दुकानों पर करवा और पूजा में इस्तेमाल होने वाली अन्य वस्तुओं की मांग बढ़ गई है। दुकानदारों को त्योहार के दौरान अच्छी बिक्री की उम्मीद है।
महिला प्रीति का कहना है कि उत्तर भारत में जिस तरह छठ पूजा का बेसब्री से इंतजार किया जाता है, उसी तरह महिलाओं को करवा चौथ का भी इंतजार रहता है। यह पर्व पति की लंबी उम्र की कामना के साथ आस्था, प्रेम और पारिवारिक परंपराओं से जुड़ा है। महिलाएं पूरे उत्साह के साथ इसकी तैयारियां करती हैं। महिलाएं दिनभर निर्जला व्रत रखकर शाम को विधि-विधान से पूजा करेंगी। इसके बाद चंद्रमा के दर्शन कर अर्घ्य देंगी और पति के हाथों से जल ग्रहण करके व्रत खोलेंगी।
एक स्थानीय निवासी ने कहा कि देखिए, हम कई दिन पहले से ही तैयारियां शुरू कर देते हैं, जैसे कि मेहंदी कहां लगानी है, कौन से कपड़े पहनने हैं, कौन से गहने पहनने हैं और बालों का स्टाइल कैसा रखना है। महिलाएं काफी पहले से ही तैयारियां शुरू कर देती हैं क्योंकि उत्तर भारत में यह एक बहुत बड़ा त्योहार है, जिस तरह बिहार में छठ मनाया जाता है, उसी तरह उत्तर भारत में करवा चौथ एक प्रमुख त्योहार है।
--आईएएनएस
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