झारखंड में 1,042 सहायक आचार्यों को नियुक्ति पत्र, सीएम हेमंत सोरेन बोले- आपके कंधों पर भविष्य गढ़ने की जिम्मेदारी
रांची, 29 जून (आईएएनएस)। झारखंड में सरकारी विद्यालयों के लिए चयनित 1,042 इंटर एवं स्नातक प्रशिक्षित सहायक आचार्यों को सोमवार को नियुक्ति पत्र सौंपे गए। राजधानी रांची स्थित टाना भगत इंडोर स्टेडियम में आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने नवचयनित शिक्षकों को नियुक्ति पत्र वितरित किए और उनसे शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने का आह्वान किया।
सीएम हेमंत सोरेन ने नियुक्ति पत्र पाने वाले शिक्षकों को बधाई देते हुए कहा कि उन्हें केवल नौकरी नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ी का भविष्य संवारने की जिम्मेदारी सौंपी जा रही है। उन्होंने कहा कि बच्चों के व्यक्तित्व निर्माण और समाज के भविष्य को दिशा देने में शिक्षकों की सबसे महत्वपूर्ण भूमिका होती है।
उन्होंने कहा कि सरकारी शिक्षा व्यवस्था को लेकर अक्सर सवाल उठाए जाते हैं। ऐसे में नए शिक्षकों की जिम्मेदारी और बढ़ जाती है कि वे अपनी कार्यशैली और समर्पण से लोगों का भरोसा मजबूत करें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ज्ञान ही समाज में सकारात्मक बदलाव का आधार है और शिक्षा के माध्यम से ही एक बेहतर एवं जागरूक समाज का निर्माण संभव है। नियुक्ति पाने वाले शिक्षकों में 274 सहायक आचार्य कक्षा एक से पांच तक के लिए तथा 768 सहायक आचार्य कक्षा छह से आठ तक के लिए चयनित हुए हैं। स्नातक प्रशिक्षित सहायक आचार्यों में सामाजिक विज्ञान विषय के 387, गणित एवं विज्ञान के 231 तथा भाषा विषय के 150 शिक्षक शामिल हैं। जिलावार नियुक्तियों में पलामू को सबसे अधिक 123 सहायक आचार्य मिले हैं।
इसके बाद गिरिडीह में 92, कोडरमा में 81, साहिबगंज में 63, पश्चिमी सिंहभूम में 61, देवघर में 59, दुमका में 54, गोड्डा में 53 और पाकुड़ में 51 शिक्षकों की नियुक्ति की गई है। धनबाद को 42, लातेहार को 41, पूर्वी सिंहभूम और जामताड़ा को 39-39, रांची को 36, सरायकेला-खरसावां और गढ़वा को 34-34, गुमला को 27, बोकारो को 24, सिमडेगा को 21, हजारीबाग को 15, खूंटी को 12, लोहरदगा को 11 तथा रामगढ़ को चार सहायक आचार्य मिले हैं।
समारोह में वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर, स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।
--आईएएनएस
एसएनसी/डीकेपी