जम्मू में कैट के नए कार्यालय-सह-न्यायालय परिसर का उद्घाटन, केंद्रीय मंत्री ने किया शुभारंभ
जम्मू, 20 सितंबर (आईएएनएस)। केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण, जम्मू ब्रांच के कार्यालय-सह-न्यायालय परिसर का उद्घाटन किया।
इस दौरान उन्होंने कहा कि आज जम्मू को अपना अलग से कार्यालय का परिसर हासिल हो रहा है और उसका आज विधिवत उद्घाटन हुआ है।
डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि मुझे यह कहते हुए बहुत तसल्ली है कि जब साल 2019 में 31 अक्टूबर से इसके केंद्र शासित प्रदेश (यूटी) बनने की घोषणा हुई थी और उसका नोटिफिकेशन जारी हुआ था तो हमने उसी समय यह प्रण किया था कि अब तत्कालीन जम्मू कश्मीर राज्य के सारे कर्मचारी कैट (केंद्रीय प्रशासनिक अधिकरण) के दायरे में आ जाएंगे तो उन्हें असुविधा न हो, हम जल्द से जल्द यहां पर कैट का बेंच स्थापित करेंगे।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि कोविड के बावजूद हमने 10 महीने के भीतर जून 2020 में ऑनलाइन कार्यक्रम के माध्यम से यहां कैट बेंच प्रारंभ किया था, और वीडियो कॉन्फ्रेंसिग के माध्यम से केस रिसीव होने भी प्रारंभ हो गए थे। इसके एक साल बाद श्रीनगर में भी बेंच खोला गया है। जब-जब भी यहां से लीगल फैटरनिटी और या बार की तरफ से कोई सुझाव आया या कोई मांग आई तो हमने उस पर पूरा अमल करने के प्रयास किया। आज हम दावे के साथ कह सकते हैं कि देशभर में हमारी जो 9 बेंच हैं, उनमें से हमारी जम्मू-कश्मीर की बेंच सबसे श्रेष्ठ रही है। आज क्योंकि आंकड़ों का युग है। जब 8 जून 2020 को जम्मू बेंच की स्थापना हुई तो जम्मू-कश्मीर हाई कोर्ट से जो केस ट्रांसफर हुई थी, उसकी संख्या 20984 थी। यहां एक ऐसा भी नजरिया देखने को मिला कि वो यह था कि जम्मू बेंच नई-नई बनी है और शुरुआती दौर में इतने केस हैंडल नहीं कर पाएगी। उसके बाद जब श्रीनगर का बेंच बना तो कुछ केस वहां भी चले गए।
उन्होंने कहा कि इसके अलावा जो डायरेक्ट केस कैंट की बेंच में आए, उसकी संख्या थी 20405। इसके साथ ही जम्मू हाई कोर्ट से जो जम्मू बेंच में केस आए थे, उनमें से 18392 केसों का निपटारा हो चुका है। 20405 डायरेक्ट केसों में से 13952 केस निपटा दिए गए हैं। इस हिसाब से जम्मू-कश्मीर कैट बेंच के हिस्से में 41389 केस आए तो पेंडेंसी केवल नौ हजार रह गई। तो आप अंदाजा लगा सकते हैं कि बेंच ने इतने कम समय में 42 हजार से ज्यादा केसों का निपटारा किया है।
--आईएएनएस
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