जम्मू-कश्मीर: सीबीआई ने कृषि अधिकारी और दो अन्य को रिश्वत मामले में गिरफ्तार किया
जम्मू, 20 सितंबर (आईएएनएस)। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने जम्मू-कश्मीर सरकार के कृषि विभाग के उप-विभागीय कृषि अधिकारी (एसडीएओ) और कृषि विस्तार सहायक (एईए) सहित तीन आरोपियों और एक निजी व्यक्ति को रिश्वत मामले में गिरफ्तार किया है।
सीबीआई ने उक्त आरोपियों के खिलाफ 19 सितंबर 2026 को मामला दर्ज किया था। आरोप है कि जम्मू-कश्मीर सरकार के कृषि विभाग के उप-विभागीय कृषि अधिकारी (एसडीएओ) ने शिकायतकर्ता से समग्र कृषि विकास कार्यक्रम (एचएडीपी) योजना के तहत सब्सिडी जारी करने के लिए 35,000 रुपए की रिश्वत मांगी थी।
आरोपी एसडीएओ ने शिकायतकर्ता से रिश्वत की राशि या तो एईए (कृषि विस्तार सहायक) को या किसी निजी व्यक्ति को सौंपने को कहा था। सीबीआई ने जाल बिछाकर आरोपी कृषि विस्तार सहायक (एईए) और निजी व्यक्ति को शिकायतकर्ता से 15,000 रुपए की रिश्वत मांगते और लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा। बाद में, तीसरे आरोपी, उपमंडल कृषि अधिकारी को भी उसके आवास से गिरफ्तार कर लिया गया।
मामले की आगे की जांच जारी है।
वहीं, गुजरात भ्रष्टाचार विरोधी ब्यूरो (एसीबी) ने रविवार को राजकोट के अजी डैम पुलिस स्टेशन में दर्ज एक मामले की जांच के सिलसिले में कथित तौर पर 10,000 रुपए की रिश्वत लेते हुए एक सहायक सब-इंस्पेक्टर और गुजरात रक्षा दल (जीआरडी) के एक कर्मी को गिरफ्तार किया।
आरोपियों की पहचान राजकोट शहर के अजी डैम पुलिस स्टेशन के अंतर्गत अजी डैम पुलिस चौकी में तैनात 53 वर्षीय एएसआई राजेशभाई उर्फ राजुभाई मेर और उसी चौकी में तैनात 31 वर्षीय जीआरडी कर्मी मनोजभाई चौहान के रूप में हुई है।
एसीबी के अनुसार, शिकायतकर्ता के खिलाफ अजी डैम पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई गई थी और मेर मामले की जांच कर रहे थे। एसीबी का आरोप है कि मेर ने आरोपियों को लॉकअप में न रखने और जमानत की कार्यवाही शीघ्र पूरी करने के बदले शिकायतकर्ता से 10,000 रुपये की मांग की थी।
आरोप है कि मेर ने शिकायतकर्ता को चौहान को रिश्वत की रकम सौंपने के लिए कहा था। हालांकि, शिकायतकर्ता रिश्वत देने को तैयार नहीं था और उसने एसीबी के टोल-फ्री नंबर '1064' पर शिकायत दर्ज कराई।
--आईएएनएस
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