×

भारत ने रचा विमानन इतिहास: सैटेलाइट सिग्नल से पहली बार बड़े कॉमर्शियल जेट की सफल लैंडिंग, वीडियो में देंखे खराब विजिबिलिटी में भी बढ़ेगी सुरक्षा

 

भारत ने विमानन क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। अब खराब विजिबिलिटी या घने कोहरे जैसी परिस्थितियों में भी विमानों की सुरक्षित लैंडिंग पहले से अधिक आसान और सटीक हो सकेगी। देश में पहली बार किसी बड़े कॉमर्शियल जेट विमान को ग्राउंड से रेडियो सिग्नल की मदद लिए बिना केवल सैटेलाइट आधारित नेविगेशन सिस्टम से सफलतापूर्वक उतारा गया है।

<a style="border: 0px; overflow: hidden" href=https://youtube.com/embed/XZjhwrVln-g?autoplay=1&mute=1><img src=https://img.youtube.com/vi/XZjhwrVln-g/hqdefault.jpg alt=""><span><div class="youtube_play"></div></span></a>" style="border: 0px; overflow: hidden;" width="640">

यह ऐतिहासिक ट्रायल 27 जून को विमानन नियामक DGCA की निगरानी में किया गया। इस दौरान इंडिगो एयरलाइंस के एयरबस A320 विमान ने स्वदेशी 'गगन' (GAGAN) नेविगेशन सिस्टम का उपयोग करते हुए सफल लैंडिंग की।

हालांकि, इंडिगो ने वर्ष 2022 में छोटे ATR विमानों पर इस तकनीक का परीक्षण किया था, लेकिन किसी बड़े कॉमर्शियल जेट विमान के साथ यह भारत का पहला सफल ट्रायल माना जा रहा है। 'गगन' एक सैटेलाइट आधारित नेविगेशन सिस्टम है, जो विमान को रनवे तक अधिक सटीक मार्गदर्शन प्रदान करता है। इसके इस्तेमाल से एयरपोर्ट पर लगे पारंपरिक रेडियो नेविगेशन उपकरणों पर निर्भरता कम होगी और चुनौतीपूर्ण मौसम में भी सुरक्षित लैंडिंग संभव हो सकेगी।

विशेषज्ञों का मानना है कि इस तकनीक के व्यापक उपयोग से उड़ान संचालन अधिक सुरक्षित, आधुनिक और प्रभावी बनेगा। साथ ही, भविष्य में उन हवाई अड्डों पर भी बेहतर लैंडिंग सुविधा उपलब्ध हो सकेगी, जहां पारंपरिक ग्राउंड-आधारित नेविगेशन सिस्टम सीमित हैं।