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हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड ने 2025–26 में दर्ज की मजबूत वृद्धि, शहरी विकास को मिला बड़ा बढ़ावा

 

नई दिल्ली, 31 मार्च (आईएएनएस)। हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड ने वित्त वर्ष 2025–26 में अपने प्रदर्शन में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की है। आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय के तहत आने वाली इस नवरत्न इंफ्रास्ट्रक्चर फाइनेंसिंग कंपनी ने देश के शहरी विकास और बुनियादी ढांचे को मजबूती देने में अपनी अहम भूमिका को और सशक्त किया है।

जारी आंकड़ों के अनुसार, हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड ने फाइनेंसियल ईयर 2025–26 में 1,64,757 करोड़ रुपए के लोन स्वीकृत किए, जो पिछले वित्त वर्ष के 1,27,952 करोड़ रुपए की तुलना में 28.76 प्रतिशत अधिक है। वहीं, कुल वितरण 51,194 करोड़ रुपए रहा, जो फाइनेंसियल ईयर 2024–25 के 40,037 करोड़ रुपए के मुकाबले 27.87 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाता है।

हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर संजय कुलश्रेष्ठ ने इस प्रदर्शन को बाजार की स्थितियों पर सतत निगरानी और संगठनात्मक सुधारों का परिणाम बताया। उन्होंने कहा कि कंपनी का उद्देश्य नागरिकों के जीवन स्तर को बेहतर बनाना और समावेशी व टिकाऊ शहरी विकास को बढ़ावा देना है।

उन्होंने बताया कि हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड हाल ही में शुरू किए गए ‘अर्बन इन्वेस्टमेंट विंडो’ के माध्यम से शहरी क्षेत्रों में निवेश को और गति देगा। यह पहल शहरी परियोजनाओं में पूंजी के कुशल उपयोग, निवेश के नए अवसरों के विस्तार और ज्ञान साझा करने को बढ़ावा देगी।

हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड की देशभर में मौजूदगी, नगर निकायों के साथ लंबे अनुभव और इंफ्रास्ट्रक्चर फाइनेंसिंग में विशेषज्ञता अर्बन इन्वेस्ट विंडो को प्रभावी बनाने में मदद करेगी। इससे शहरी क्षेत्रों में संतुलित और समग्र विकास को प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद है।

कुलश्रेष्ठ ने कहा कि हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड ऐसे प्रोजेक्ट्स को वित्तीय सहायता देना जारी रखेगा, जो देश के बुनियादी ढांचे को मजबूत करें और ‘विकसित भारत 2047’ के लक्ष्य को हासिल करने में योगदान दें।

मजबूत प्रदर्शन के साथ हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड खुद को भारत के आधुनिक, टिकाऊ और समावेशी शहरी विकास में एक भरोसेमंद भागीदार के रूप में स्थापित कर रहा है।

--आईएएनएस

एएमटी/डीएससी