वैश्विक ऊर्जा संकट से निपटने के लिए अमेरिका का बड़ा कदम, ईरानी तेल बिक्री के लिए दी 30 दिन की अनुमति
वॉशिंगटन, 21 मार्च (आईएएनएस)। ईरान और इजरायल-अमेरिका के बीच छिड़े संघर्ष के बाद दुनिया के कई देश तेल आपूर्ति में रुकावट से प्रभावित हो रहे हैं। ऐसे में वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर बढ़ रहे दबाव को कम करने और तेल की कीमतों को बढ़ने से रोकने के लिए अमेरिका ने बड़ा कदम उठाया है। अमेरिका ने समुद्र में फंसे ईरानी तेल को बेचने के लिए 30 दिन की अस्थायी अनुमति देने की घोषणा की है।
अमेरिका ने यह अनुमति यह अनुमति सिर्फ उन तेल जहाजों के लिए है, जो 20 मार्च से 19 अप्रैल के बीच लोड हुए थे। यह नए तेल उत्पादन या नई खरीद को कवर नहीं करता।
अमेरिकी ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट ने X पर पोस्ट कर बताया कि इस फैसले का मकसद पहले से उपलब्ध तेल आपूर्ति को जारी करके वैश्विक बाजारों को तेजी से स्थिर करना है। उन्होंने कहा कि दुनिया के लिए इस मौजूदा आपूर्ति को अस्थायी छूट से लगभग 140 मिलियन बैरल तेल वैश्विक बाजार में आएगा।
अमेरिकी ट्रेजरी विभाग द्वारा जारी एक लाइसेंस के अनुसार, यह छूट 20 मार्च से 19 अप्रैल के बीच जहाजों पर पहले से ही लादे जा चुके ईरानी कच्चे तेल और पेट्रोलियम उत्पादों की बिक्री की अनुमति देती है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह अनुमति बहुत सीमित है और इसका विस्तार ईरानी तेल के किसी भी नए उत्पादन या नई खरीद तक नहीं है।
बेसेंट ने इस उपाय को एक केंद्रित हस्तक्षेप बताया, जिसे चल रहे संघर्ष के कारण आपूर्ति में आई बाधाओं को दूर करने के लिए डिजाइन किया गया है। उन्होंने कहा, "यह अस्थायी, अल्पकालिक अनुमति पूरी तरह से उस तेल तक सीमित है जो पहले से ही परिवहन में है और यह नई खरीद या उत्पादन की अनुमति नहीं देती है।"
यह छूट हाल के हफ्तों में दी गई तीसरी ऐसी राहत है, इससे पहले रूसी तेल आपूर्ति से जुड़े कदम उठाए गए थे। बेसेंट ने कहा कि प्रशासन ने वैश्विक बाजार में बड़ी मात्रा में तेल लाने के लिए पहले ही उपाय कर लिए हैं। अब कुल मिलाकर 440 मिलियन बैरल अतिरिक्त तेल बाजार में लाने के कदम उठाए जा रहे हैं।
उन्होंने कहा, " ट्रंप प्रशासन वैश्विक बाजार में लगभग 440 मिलियन अतिरिक्त बैरल तेल लाने के लिए काम कर रहा है।" उन्होंने ईरान पर महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों में आई बाधाओं का फायदा उठाने की कोशिश करने का आरोप लगाया। बेसेंट ने कहा, "इस छूट का मकसद समग्र प्रतिबंधों को कम किए बिना बाजारों को स्थिर करना है। ईरान वैश्विक आतंकवाद बढ़ाने में शामिल है और इसे नियंत्रित करने में अमेरिकी कार्रवाई तेजी से सफल हो रही है। उस पर व्यापक प्रतिबंध वैसे ही जारी रहेंगे। ईरान को तेल से होने वाली आमदनी तक आसानी से पहुंच नहीं मिलेगी।"
अमेरिकी ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट ने कहा, “चीन, सस्ते दामों पर ईरानी तेल जमा कर रहा है। ट्रंप प्रशासन दुनियाभर में ऊर्जा के प्रवाह को अधिकतम स्तर तक सुनिश्चित करने के लिए अमेरिका की आर्थिक और सैन्य ताकत का इस्तेमाल जारी रखेगा।"दरअसल युद्ध शुरू होने के बाद से स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज जैसे महत्वपूर्ण जलमार्गों से होकर तेल की वैश्विक आपूर्ति पर गहरा असर पड़ा है, जिस पर अमेरिका की नजर लगातार बनी हुई है।
--आईएएनएस
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