जम्मू-श्रीनगर नेशनल हाईवे पर भीषण सड़क हादसा, दो की मौत, 7 घायल
श्रीनगर, 8 अक्टूबर (आईएएनएस)। जम्मू-श्रीनगर नेशनल हाईवे पर गुरुवार को एक भीषण सड़क हादसा हुआ, जिसमें दो लोगों की मौत और सात अन्य घायल हो गए।
अधिकारियों ने बताया कि यह हादसा गुरुवार देर रात हुआ, जब नौ लोगों को ले जा रही एक गाड़ी चुनथन की ओर जा रही थी। तभी ड्राइवर का गाड़ी पर से नियंत्रण हट गया और गाड़ी सड़क से फिसलकर नीचे गिर गई।
मृतकों की पहचान ड्राइवर विजय सिंह और 26 वर्ष के सुनील सिंह के तौर पर हुई है। वहीं, घायलों में से एक को जम्मू रेफर किया गया, जबकि बाकी छह लोगों को अनंतनाग के सरकारी मेडिकल कॉलेज और अस्पताल भेजा गया।
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय और स्थानीय ट्रैफिक अधिकारियों की रिपोर्ट के अनुसार, जम्मू-कश्मीर में सड़क हादसे मानवीय गलतियों, मुश्किल रास्तों और गाड़ियों से जुड़ी समस्याओं के कारण होते हैं।
इन हादसों की मुख्य वजहों में तय सीमा से ज्यादा तेज और लापरवाही से गाड़ी चलाना और ड्राइवरों द्वारा अचानक गाड़ी मोड़ने जैसे काम शामिल हैं।
खतरनाक तरीके से ओवरटेकिंग करना-खासकर पहाड़ों के संकरे रास्तों, तीखे मोड़ों और पहाड़ी इलाकों में अक्सर आमने-सामने की टक्कर या गाड़ियों के खाई में गिरने का कारण बनता है।
सीट बेल्ट और हेलमेट का कम इस्तेमाल चोटों की गंभीरता को काफी बढ़ा देता है और ज्यादातर मौतें सिर में चोट लगने के कारण होती हैं।
यात्री बसों, पब्लिक ट्रांसपोर्ट और कमर्शियल गाड़ियों में क्षमता से ज्यादा लोगों या सामान को भरने से खड़ी चढ़ाई पर गाड़ी के कंट्रोल और स्थिरता पर बुरा असर पड़ता है।
शराब या नशीली दवाओं के असर में गाड़ी चलाने से ड्राइवर की प्रतिक्रिया देने की गति और सही फैसला लेने की क्षमता प्रभावित होती है।
इनके अलावा, पहाड़ी इलाकों की मुश्किल बनावट और खराब सड़क इंफ्रास्ट्रक्चर, तीखे मोड़, संकरी सड़कें, चट्टानें खिसकना और 'ब्लैक स्पॉट' ड्राइवर की गलतियों को और बढ़ा देते हैं।
बारिश, बर्फबारी, घनी धुंध और 'ब्लैक आइस' जैसे खराब मौसम के कारण कुछ खास मौसमों में दिखाई कम देता है और ब्रेक लगाने की क्षमता भी कम हो जाती है।
--आईएएनएस
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