कंटेंट क्रिएटर की आपत्तिजनक टिप्पणी पर त्रिपुरा सरकार सख्त, दिल्ली पुलिस से समन्वय के निर्देश
अगरतला, 21 अक्टूबर (आईएएनएस)। त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने बुधवार को राज्य के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) जी.एस. राव को निर्देश दिया कि वे दिल्ली पुलिस के साथ समन्वय करें। यह निर्देश राष्ट्रीय राजधानी में एक कंटेंट क्रिएटर द्वारा राज्य के एक युवा आदिवासी व्यक्ति के खिलाफ की गई अपमानजनक टिप्पणियों के संबंध में दिया गया है।
मुख्यमंत्री कार्यालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि मुख्यमंत्री साहा ने डीजीपी राव से कहा है कि वे दिल्ली पुलिस के साथ समन्वय करें। यह मामला त्रिपुरा के एक आदिवासी युवक के साथ एक कंटेंट क्रिएटर द्वारा की गई नस्लीय प्रताड़ना से जुड़ा है। सीएमओ के 'एक्स' हैंडल पर एक पोस्ट में कहा गया, "कानून अपना काम करेगा।"
दिल्ली में आमिर शोकीन नाम के एक कंटेंट क्रिएटर द्वारा त्रिपुरा के एक आदिवासी युवक के साथ की गई नस्लीय प्रताड़ना ने राज्य में एक बड़ा विवाद खड़ा कर दिया है।
त्रिपुरा के राजनीतिक दलों और नेताओं, जिनमें सीपीआईएम, कांग्रेस और टिपरा मोथा पार्टी (टीएमपी) शामिल हैं, ने इस घटना की कड़ी निंदा की है और कंटेंट क्रिएटर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
टीएमपी से जुड़े दो युवा और छात्र संगठनों ने भी अगरतला में शोकीन के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। उनका आरोप है कि शोकीन ने एक वीडियो में राज्य के एक युवक को निशाना बनाते हुए नस्लीय टिप्पणियां कीं और अपमानजनक इशारे किए।
यूथ टिपरा फेडरेशन (वाईटीएफ) और टिपरा इंडिजिनस स्टूडेंट्स फेडरेशन (टीआईएसएफ) ने अगरतला के एनसीसी पुलिस स्टेशन में अपनी शिकायतें दर्ज कराईं। उन्होंने पुलिस से सोशल मीडिया पर वायरल हुए इस वीडियो के मामले में कानूनी कार्रवाई शुरू करने की मांग की है।
टीआईएसएफ की शिकायत के अनुसार 19 सितंबर को अपलोड किए गए इस वीडियो में शोकीन, दिल्ली में त्रिपुरा के एक आदिवासी युवक के प्रति नस्लीय टिप्पणियां करते और अपमानजनक इशारे करते दिख रहा है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि उस युवक को बार-बार चीनी (चाइनीज) कहकर बुलाया गया और 'त्रिपुरा' नाम को बिगाड़कर एक अश्लील शब्द में बदल दिया गया।
बुधवार को एक नया घटनाक्रम सामने आया। सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक वीडियो आने और भारी विरोध होने के बाद शोकीन ने माफी मांग ली है। फेसबुक पर एक पोस्ट में शोकीन ने दावा किया कि यह वीडियो पहले से स्क्रिप्टेड (तय) था और वीडियो में दिखने वाला व्यक्ति उनका परिचित है। उन्होंने बताया कि वह व्यक्ति पहले अहमदाबाद में उनके एक दोस्त के कैफे में काम करता था। शोकीन के अनुसार, यह एक मजाकिया वीडियो था जिसमें वे दोनों आपस में हंसी-मजाक कर रहे थे।
शोकीन का कहना है कि उनका इस वीडियो के जरिए किसी का अपमान करने का कोई इरादा नहीं था। त्रिपुरा विधानसभा में विपक्ष के नेता और सीपीआईएम के राज्य सचिव जितेंद्र चौधरी, टीएमपी के संस्थापक और सत्ताधारी भाजपा के सहयोगी प्रद्योत बिक्रम माणिक्य देबबर्मा, कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक और पूर्व मंत्री बिराजित सिन्हा और कई अन्य वरिष्ठ नेताओं ने इस कथित घटना की कड़ी निंदा की है और शोकीन के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
इस विवाद ने पूर्वोत्तर के लोगों के खिलाफ कथित नस्लीय भेदभाव के मुद्दे को चर्चा के केंद्र में ला दिया है। त्रिपुरा के राजनीतिक नेताओं और संगठनों ने इन टिप्पणियों पर उचित कार्रवाई की मांग की है।
--आईएएनएस
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