कमजोर चौथी तिमाही के नतीजों के चलते तेजस नेटवर्क के शेयरों में करीब 6 प्रतिशत की आई गिरावट
मुंबई, 16 अप्रैल (आईएएनएस)। टाटा ग्रुप समर्थित तेजस नेटवर्क के शेयर गुरुवार को शुरुआती कारोबार में करीब 6 प्रतिशत तक गिर गए, क्योंकि कंपनी के वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही यानी जनवरी-मार्च तिमाही के कमजोर नतीजों ने निवेशकों और ट्रेडर्स को निराश किया।
बीएसई 500 में शामिल यह शेयर 5.86 प्रतिशत गिरकर 423.50 रुपए के इंट्राडे लो तक पहुंच गया, जबकि पिछले सत्र में यह 449.90 रुपए पर बंद हुआ था।
यह गिरावट ऐसे समय आई है जब कंपनी ने वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही में लगातार पांचवीं बार घाटा दर्ज किया है और सालाना आधार पर राजस्व में भी भारी गिरावट देखी गई है।
तेजस नेटवर्क, जो हाई-स्पीड कम्युनिकेशन नेटवर्क के लिए टेलीकॉम और नेटवर्किंग उपकरण बनाती है, ने वित्त वर्ष 2025-26 की चौथी तिमाही में 211 करोड़ रुपए का शुद्ध घाटा दर्ज किया, जो पिछले साल की इसी तिमाही के 72 करोड़ रुपए के घाटे से काफी ज्यादा है।
कंपनी ने वित्त वर्ष 2026 की पहली तिमाही में 194 करोड़ रुपए, दूसरी तिमाही में 307 करोड़ रुपए और तीसरी तिमाही में 197 करोड़ रुपए का घाटा दर्ज किया था। इस तरह पूरे वित्त वर्ष 2026 में कंपनी का कुल घाटा 909 करोड़ रुपए तक पहुंच गया। हालांकि वित्त वर्ष 2025 में कंपनी ने 447 करोड़ रुपए का मुनाफा कमाया था।
राजस्व की बात करें तो चौथी तिमाही में यह सालाना आधार पर 82.53 प्रतिशत गिरकर 333 करोड़ रुपए रह गया, जबकि पिछले साल इसी अवधि में यह 1,907 करोड़ रुपए था।
पूरे वित्त वर्ष में कंपनी का राजस्व 88 प्रतिशत गिरकर 1,103 करोड़ रुपए रह गया, जो वित्त वर्ष 2025 में 8,923 करोड़ रुपए था।
ऑपरेटिंग स्तर पर भी कंपनी का प्रदर्शन कमजोर रहा। ईबीआईटीडीए 118 करोड़ रुपए के घाटे में चला गया, जबकि पिछले साल इसी तिमाही में 121.5 करोड़ रुपए का मुनाफा था। वहीं, मार्जिन भी (-) 35 प्रतिशत पर पहुंच गया, जो पिछले साल के इसी तिमाही में 6 प्रतिशत था।
हालांकि, कंपनी का ऑर्डर बुक मार्च तक 49 प्रतिशत बढ़कर 1,514 करोड़ रुपए हो गया। कंपनी का नेट कर्ज 3,531 करोड़ रुपए और ग्रॉस कर्ज 4,035 करोड़ रुपए रहा।
शेयर के प्रदर्शन की बात करें तो 2026 में अब तक इसमें 4 प्रतिशत से ज्यादा की गिरावट आ चुकी है। हालांकि मौजूदा महीने में यह 11 प्रतिशत तक चढ़ा है, जबकि जनवरी में 25 प्रतिशत गिरावट, फरवरी में 29 प्रतिशत की तेजी और मार्च में 11.7 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई थी।
--आईएएनएस
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