जम्मू-कश्मीर के कठुआ में संदिग्ध गतिविधि के बाद हाई अलर्ट, ग्रामीणों की सूचना पर सर्च ऑपरेशन शुरू
जम्मू, 26 अक्टूबर (आईएएनएस)। जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले में ग्रामीणों द्वारा इलाके में संदिग्ध गतिविधि की सूचना दिए जाने के बाद सोमवार को सुरक्षा बलों ने एक तलाशी अभियान शुरू किया।
अधिकारियों ने बताया कि ग्रामीणों से कुछ संदिग्ध लोगों के मौजूद होने की सूचना मिलने के बाद सुरक्षा बलों ने कठुआ के जंगली इलाके में घेराबंदी और तलाशी अभियान चलाया।
उन्होंने बताया कि इन सूचनाओं की पुष्टि करने और इलाके में सुरक्षा मजबूत करने के लिए जम्मू-कश्मीर पुलिस, स्पेशल ऑपरेशंस ग्रुप (एसओजी), सेना और सीआरपीएफ की एक संयुक्त टीम ने करनाडी इलाके में तलाशी अभियान शुरू किया।
इससे पहले भी संदिग्ध गतिविधियों, ड्रोन देखे जाने और घुसपैठ की आशंकाओं की कई रिपोर्टों के बाद, सुरक्षा बलों ने जम्मू-कश्मीर में अंतरराष्ट्रीय सीमा (आईबी) और नियंत्रण रेखा (एलओसी) के पास बड़े पैमाने पर तलाशी और छानबीन अभियान चलाए हैं।
सोमवार को कठुआ जिले के करनाडी और नदी वाले इलाकों में यह तलाशी अभियान तब शुरू किया गया, जब ग्रामीणों ने सीमा के पास कुछ संदिग्ध लोगों को देखे जाने की सूचना दी। इसी तरह कोटे पनु और पुंडोरी गांवों में उज्जा नाले के पास भी नदी के रास्ते संदिग्ध गतिविधियों को लेकर अलर्ट जारी किए गए थे।
इस महीने पुंछ जिले में नियंत्रण रेखा (एलओसी) के पास संदिग्ध पाकिस्तानी ड्रोन देखे जाने और सीमा पार से संभावित गतिविधियों की सूचना मिलने के बाद स्थानीय निवासियों और सुरक्षा बलों के लिए सुरक्षा अलर्ट जारी किए गए और घुसपैठ विरोधी अभियान चलाए गए।
20 अगस्त को कठुआ के बिलावर में कुछ संदिग्ध लोगों के देखे जाने की सूचना मिलने के बाद कई एजेंसियों की एक संयुक्त टीम ने जंगली इलाकों में तलाशी अभियान चलाया।
3 सितंबर को जम्मू जिले के कानाचक इलाके में अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास बीएसएफ की 44वीं बटालियन के जवानों ने एक संदिग्ध पाकिस्तानी घुसपैठिए को पकड़ा।
इसके अतिरिक्त 2026 की शुरुआत में सुरक्षा बलों ने सांबा, राजौरी और पुंछ में संदिग्ध ड्रोन घुसपैठ का पता लगाया और संदिग्ध सैटेलाइट फोन सिग्नल को पकड़ा। इसके बाद सुरक्षा बलों ने नियंत्रित फायरिंग की और हथियार तथा नशीले पदार्थ बरामद किए।
--आईएएनएस
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