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'वोट चोरी के सबूत नहीं तो क्यों राष्ट्रपति के पास गया विपक्ष', राहुल गांधी के दावों पर भाजपा ने दिया जवाब

 

नई दिल्ली, 10 अक्टूबर (आईएएनएस)। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कहा है कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात के बाद लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष (एलओपी) राहुल गांधी का बयान एक 'नालायक नेता' जैसा था। भाजपा ने कहा कि राहुल गांधी को एक सामान्य प्रोटोकॉल भी समझ नहीं आता है।

भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेस में कहा, "शुक्रवार को कुछ राजनेता राष्ट्रपति भवन गए थे। वहां से बाहर निकलने के बाद राहुल गांधी का बयान एक 'नालायक नेता' के बयान के बराबर है। मैं 'नालायक नेता' इसलिए कहता हूं कि आपने (राहुल गांधी) झूठ बोला। प्रधानमंत्री के लिए अपशब्दों का इस्तेमाल किया। जिस तरह संवैधानिक संस्थाओं और पदों के लिए जिस प्रकार के शब्दों का प्रयोग किया, वो पूरा देश देख रहा है।"

पात्रा ने कहा, "कभी भी ऐसा नहीं हुआ कि राष्ट्रपति को सड़क की लड़ाई में घसीटने का प्रयास किया गया हो, मगर एक 'नालायक नेता' ने राष्ट्रपति महोदया को सड़क की लड़ाई में घसीटने की कोशिश की। राहुल गांधी ने बोला कि 'विपक्ष के नेता वोट चोरी के विषय को लेकर राष्ट्रपति के पास गए और वो भी मान गईं कि विपक्ष जो कह रहा है, सत्य कह रहा है।' इससे साफ है कि एक प्रोटोकॉल भी राहुल गांधी को समझ नहीं आता है। जब भी कोई ज्ञापन लेकर जाते हैं तो राष्ट्रपति उसे स्वीकार करती हैं। यह बेसिक प्रोटोकॉल है।"

संबित पात्रा ने आगे कहा, "राहुल गांधी ने अपने बयान में यह भी बोला कि 'राष्ट्रपति ने बोला कि कोई सबूत है तो वो भी दें।' सवाल यह है कि विपक्ष के नेता सबूत क्यों नहीं लेकर गए थे।"

उन्होंने कहा, "विपक्ष के पास कोई सबूत होगा, तभी वो लेकर जा सकते हैं। जब चुनाव आयोग बुलाता है और ईवीएम को हैक करने की चुनौती देता है तो तब विपक्ष के लोग गायब हो जाते हैं। जब राष्ट्रपति सबूत वोट मांगती हैं तो बाद में सबूत देने की बात होती है। अगर बाद में ही सबूत देने हैं तो आप बिना सबूत के राष्ट्रपति के पास क्यों गए थे?"

पात्रा ने सवाल करते हुए, "'वोट चोरी' का मुद्दा उठाते हुए विपक्ष को लगभग एक साल हो चुका है। इसलिए उसका सबूत उनकी जेब में होना चाहिए था। क्यों सबूत आपके पास नहीं थे। वे क्यों बिना सबूत साथ लिए राष्ट्रपति भवन गए थे। इसलिए सोचना चाहिए कि क्या यह व्यक्ति (राहुल गांधी) प्रधानमंत्री या किसी उच्च पद पर बैठने के लायक है।"

--आईएएनएस

डीसीएच/