राष्ट्रपति मुर्मु और पीएम मोदी ने रोश हशनाह पर इजरायली समकक्षों को दी शुभकामनाएं
नई दिल्ली, 12 सितंबर (आईएएनएस)। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को रोश हशनाह के अवसर पर अपने इजरायली समकक्षों और इजरायल की जनता को शुभकामनाएं दीं।
राष्ट्रपति मुर्मु ने इजरायल के राष्ट्रपति इसाक हर्जोग और इजरायल के लोगों को रोश हशनाह की शुभकामनाएं दीं। राष्ट्रपति सचिवालय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में कहा, “भारत की जनता की ओर से मैं आपको और पूरे इजरायल तथा दुनिया भर के यहूदी समुदाय को रोश हशनाह की हार्दिक शुभकामनाएं देती हूं। नया साल सभी के लिए शांति, समृद्धि, अच्छे स्वास्थ्य और नई उम्मीद लेकर आए।”
रोश हशनाह यहूदी नववर्ष है। इसे ‘वर्ष का सिर’ कहा जाता है और यह दुनिया की सृष्टि की वर्षगांठ के रूप में भी मनाया जाता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी अपने इजरायली समकक्ष बेंजामिन नेतन्याहू, इजरायल की जनता और दुनियाभर के यहूदी समुदाय को शुभकामनाएं दीं।
पीएम मोदी ने एक्स पर लिखा, “शाना तोवा! प्रधानमंत्री नेतन्याहू, इजरायल की जनता और दुनियाभर के यहूदी समुदाय को रोश हशनाह की हार्दिक शुभकामनाएं। नया साल सभी के लिए शांति, उम्मीद, अच्छे स्वास्थ्य और निरंतर प्रगति से भरा हो।”
विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने भी अपने इजरायली समकक्ष गिदोन सा'र को रोश हशनाह की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने एक्स पर लिखा, “रोश हशनाह के अवसर पर विदेश मंत्री गिदोन सा'र, इजरायल की सरकार और जनता को हार्दिक शुभकामनाएं। नया साल सभी के लिए शांति, समृद्धि, अच्छे स्वास्थ्य और खुशियां लेकर आए। शाना तोवा!”
इससे पहले पिछले महीने भारत में इजरायल के राजदूत रुवेन अजार ने भारत-इजरायल संबंधों को विशेष और अनूठा बताते हुए दोनों देशों के रिश्ते को मजबूत बनाने वाले कई मूलभूत मूल्यों का उल्लेख किया था।
अजार ने कहा था कि भारत और इजरायल के संबंधों की विशेषता छह मूलभूत मूल्यों से जुड़ी है। उन्होंने दोनों देशों के लिए ‘सभ्यतागत दृढ़ता और राष्ट्रीय पुनर्जागरण’ को पहला साझा मूल्य बताया था।
उन्होंने कहा था कि दोनों सभ्यताओं को सदियों तक विदेशी शक्तियों के हमलों का सामना करना पड़ा। उन्होंने कहा कि दोनों देशों की पहचान को निशाना बनाया गया और इतिहास में उनकी पहचान मिटाने की कोशिशें हुईं, लेकिन तमाम मुश्किलों के बावजूद दोनों की पहचान और सभ्यताएं कायम रहीं। यही दोनों देशों के बीच एक साझा विशेषता है।
--आईएएनएस
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