हरियाणा पुलिस ने 2025 में एनडीपीएस अधिनियम के तहत 3,738 मामले दर्ज किए
चंडीगढ़, 3 जनवरी (आईएएनएस)। हरियाणा पुलिस ने 2025 में नारकोटिक ड्रग्स साइकोट्रॉपिक सब्सटेंस (एनडीपीएस) अधिनियम के तहत 3,738 मामले दर्ज किए गए, जिसके परिणामस्वरूप 6,801 तस्करों को गिरफ्तार किया गया और 55 किलोग्राम हेरोइन और 220 किलोग्राम चरस जब्त की गई।
हरियाणा पुलिस और हरियाणा राज्य नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एचएसएनसीबी) ने एक बहुआयामी नशा-विरोधी अभियान चलाया। पुलिस ने इस दौरान नियमित जब्ती और गिरफ्तारियों से कहीं आगे बढ़कर नशीले पदार्थों के तस्करों की अवैध संपत्तियों, वित्तीय सहायता स्रोतों, संगठित गिरोहों और आपूर्ति श्रृंखलाओं को निशाना बनाया।
सरकारी नीति के अनुरूप मांग और आपूर्ति दोनों पर प्रहार करने के लिए प्रवर्तन, वित्तीय जांच, न्यायिक कार्रवाई, तकनीकी निगरानी और जनभागीदारी को एक साथ मजबूत किया गया।
पुलिस महानिदेशक अजय सिंघल ने हरियाणा पुलिस, एचएसएनसीबी, जिला पुलिस इकाइयों, फील्ड फॉर्मेशन, खुफिया विंग, अभियोजन टीमों और नशामुक्त अभियान से जुड़े सभी अधिकारियों और कर्मियों को बधाई दी।
डीजीपी के हवाले से जारी एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि यह उपलब्धि "सामूहिक समर्पण, पेशेवर उत्कृष्टता और निर्बाध समन्वय का परिणाम है।"
डीजीपी ने इस बात पर जोर दिया कि मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ लड़ाई निरंतर, रणनीतिक और पहले से भी अधिक प्रभावी ढंग से जारी रहनी चाहिए।
जीरो टॉलरेंस की नीति को दोहराते हुए उन्होंने कहा कि पुलिस न केवल तस्करों को न्याय के कटघरे में लाएगी, बल्कि नशामुक्त समाज के निर्माण के लिए भी पूरी तरह से प्रतिबद्ध रहेगी।
नशीली दवाओं के दुरुपयोग पर नकेल कसते हुए पुलिस ने 53 लाख से अधिक गोलियां, 4493 बोतलें, 11 लाख कैप्सूल और 7644 इंजेक्शन जब्त किए, जो पारंपरिक और कृत्रिम दोनों प्रकार के मादक पदार्थों की तस्करी पर कड़े नियंत्रण को दर्शाता है।
अवैध निर्माणों और संपत्तियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए, 2022 से 2025 के बीच 107 तस्करों से संबंधित 119 अवैध संपत्तियों को ध्वस्त कर दिया गया।
पिछले वर्ष ही, 143 आरोपियों की 13.59 करोड़ रुपए की चल और अचल संपत्तियां जब्त या फ्रीज की गईं।
इसके अतिरिक्त, पीआईटी-एनडीपीएस अधिनियम के तहत 76 आदतन अपराधियों को हिरासत में लिया गया, जिससे संगठित मादक पदार्थों के नेटवर्क को करारा झटका लगा।
एचएसएनसीबी ने 2025 में वाणिज्यिक, मध्यवर्ती और छोटी मात्रा के मामलों को मिलाकर 249 मामले दर्ज किए और 472 मादक पदार्थों के तस्करों को गिरफ्तार किया।
हेरोइन, चरस, गांजा, अफीम, पोस्त की भूसी, एमडीएमए, और अन्य औषधीय दवाओं की महत्वपूर्ण मात्रा जब्त की गई, जिससे कई अंतरराज्यीय और संगठित तस्करी नेटवर्क ध्वस्त हो गए।
-आईएएनएस
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