गुजरात के मुख्यमंत्री ने पेट्रोल और डीजल के भंडार की दैनिक निगरानी के आदेश दिए
गांधीनगर, 15 मई (आईएएनएस)। गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने एक कंट्रोल रूम के माध्यम से पेट्रोल और डीजल के भंडार की दैनिक निगरानी के आदेश दिए हैं और अधिकारियों को राज्य भर में निर्बाध ईंधन आपूर्ति बनाए रखने के निर्देश दिए हैं।
राज्य में ईंधन की उपलब्धता और आपूर्ति व्यवस्था की समीक्षा के बाद शुक्रवार को गांधीनगर में पटेल की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में ये निर्देश जारी किए गए।
सरकारी प्रवक्ता और मंत्री जीतू वाघानी ने बताया कि मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को प्रतिदिन ईंधन भंडार की बारीकी से निगरानी करने और पर्याप्त आपूर्ति व्यवस्था बनाए रखने का निर्देश दिया है ताकि नागरिकों को असुविधा न हो।
वाघानी ने कहा कि राज्य में उपलब्ध पेट्रोल और डीजल के भंडार की समीक्षा के बाद मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया है कि कंट्रोल रूम के माध्यम से दैनिक निगरानी की जाए और आवश्यकतानुसार आपूर्ति व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक तनाव और हाल ही में ईंधन की कमी की अफवाहों के बाद देश के कई हिस्सों में ईंधन की उपलब्धता पर बढ़ते ध्यान के बीच यह निर्णय लिया गया है।
पिछले महीने, सोशल मीडिया संदेशों के कारण घबराहट में खरीदारी शुरू होने के बाद गुजरात के कई पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारें देखी गईं, हालांकि अधिकारियों और तेल कंपनियों ने कहा था कि ईंधन का भंडार पर्याप्त है।
केंद्र सरकार ने भी बार-बार कहा है कि पूरे देश में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है।
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने पहले कहा था कि पेट्रोलियम उत्पादों की आपूर्ति और स्टॉक की स्थिति की देशव्यापी निगरानी के लिए कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है।
केंद्र के अनुसार, राज्य सरकारों से आपूर्ति की स्थिति की निगरानी करने और पेट्रोलियम उत्पादों सहित आवश्यक वस्तुओं की जमाखोरी या कालाबाजारी को रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने की अपेक्षा की जाती है।
--आईएएनएस
एमएस/