राजस्थान के किसानों को दिन में बिजली, 2027 तक पूरे राज्य में लागू करने का लक्ष्य: सीएम शर्मा
जयपुर, 15 अप्रैल (आईएएनएस)। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बुधवार को अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे पूरे राज्य में पर्याप्त और बिना किसी रुकावट के बिजली की सप्लाई सुनिश्चित करें।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ऊर्जा क्षेत्र को मजबूत करने और आत्मनिर्भरता हासिल करने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री आवास पर बुधवार को ऊर्जा विभाग की एक उच्च-स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए सीएम शर्मा ने कहा कि बेहतर प्रबंधन और सही नीतिगत फैसलों की वजह से बिजली उत्पादन क्षमता में काफी बढ़ोतरी हुई है। साथ ही बिजली के ट्रांसमिशन और वितरण में होने वाले नुकसान में भी उल्लेखनीय कमी आई है।
उन्होंने कहा कि राजस्थान ने नवीकरणीय ऊर्जा (री-न्यूएबल एनर्जी) के क्षेत्र में जबरदस्त प्रगति की है और सरकार के इस संकल्प को दोहराया कि वह हर घर व हर खेत तक भरोसेमंद और अच्छी गुणवत्ता वाली बिजली पहुंचाएगी।
उन्होंने कहा, "घरेलू, कृषि और औद्योगिक उपभोक्ताओं के लिए पर्याप्त बिजली की सप्लाई सुनिश्चित करने के लिए पूरी लगन से प्रयास किए जा रहे हैं।"
मुख्यमंत्री ने बताया कि इस समय 24 जिलों के किसानों को दिन के समय बिजली मिल रही है, जो कृषि समुदाय के लिए एक बड़ी राहत की बात है। सरकार का लक्ष्य है कि 2027 तक इस सुविधा को पूरे राज्य में लागू कर दिया जाए।
सीएम शर्मा ने 'पंप्ड स्टोरेज प्रोजेक्ट्स' के महत्व को रेखांकित किया और उन्हें लंबे समय तक इस्तेमाल के लिहाज से किफायती और असरदार बताया। उन्होंने स्वच्छ ऊर्जा से जुड़ी पहलों को बढ़ावा देने और बिजली ग्रिड की स्थिरता बनाए रखने में 'बैटरी स्टोरेज सिस्टम' की भूमिका पर भी जोर दिया।
उन्होंने कहा कि ये प्रोजेक्ट आने वाले सालों में उपभोक्ताओं तक अच्छी गुणवत्ता वाली और भरोसेमंद बिजली पहुंचाने में अहम भूमिका निभाएंगे। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे इन प्रोजेक्ट्स को प्राथमिकता के आधार पर जल्द से जल्द लागू करें।
इस बैठक में ऊर्जा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) हीरालाल नागर, मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास, प्रमुख सचिव (वित्त) वैभव गालरिया, ऊर्जा सचिव आरती डोगरा और अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।
इसके बाद सीएम ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स'पर किए गए एक पोस्ट में मुख्यमंत्री ने राजस्थान के डेयरी क्षेत्र में हुई प्रगति की सराहना की और कहा कि यह क्षेत्र न केवल आगे बढ़ रहा है बल्कि आत्मनिर्भरता का एक मजबूत उदाहरण भी बन रहा है।
उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक, सशक्त नीतियों और हमारे मेहनती पशुपालकों के समर्पण की बदौलत, आज हर गांव में समृद्धि की एक नई गाथा लिखी जा रही है।"
--आईएएनएस
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