चंद्रबाबू नायडू के जन्मदिन पर पत्नी ने अन्ना कैंटीन में मुफ्त भोजन के लिए 76 लाख रुपए दान किए
अमरावती, 19 अप्रैल (आईएएनएस)। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू की पत्नी नारा भुवनेश्वरी ने उनके जन्मदिन के अवसर पर 20 अप्रैल को पूरे राज्य की सभी अन्ना कैंटीन में मुफ्त भोजन के लिए 76 लाख रुपए दान किए हैं।
हेरिटेज फूड्स की वाइस-चेयरपर्सन और मैनेजिंग डायरेक्टर तथा एनटीआर मेमोरियल ट्रस्ट की मैनेजिंग ट्रस्टी नारा भुवनेश्वरी ने पति के साथ मिलकर 76 लाख रुपए का चेक सौंपा।
उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट करते हुए कहा, ''चंद्रबाबू के जन्मदिन (20 अप्रैल) के मौके पर अन्ना कैंटीन के संचालन के लिए 76 लाख रुपए दान करके मुझे बहुत संतोष मिला। ये कैंटीन गरीबों को सिर्फ 5 रुपए में साफ-सुथरे माहौल में सम्मान के साथ भोजन उपलब्ध कराते हैं। उस दिन राज्य की सभी 269 अन्ना कैंटीन में मुफ्त भोजन दिया जाएगा।''
उन्होंने आगे कहा, ''भूखों को खाना खिलाने से बड़ा कोई संतोष नहीं है। चंद्रबाबू, जो हमेशा गरीबों के प्रति संवेदनशील रहते हैं, उनके जन्मदिन पर इससे बेहतर श्रद्धांजलि नहीं हो सकती।''
मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने 15 अप्रैल को पलनाडु जिले के धरनिकोटा में 'अन्ना कैंटीन' का उद्घाटन किया था। उन्होंने 5 रुपए का टोकन खरीदकर मजदूरों के साथ बैठकर भोजन किया और खुद भी गरीबों व मजदूरों को खाना परोसा।
उस दिन राज्य के ग्रामीण इलाकों में 62 अन्ना कैंटीन शुरू की गईं। शहरी क्षेत्रों में पहले से मौजूद 204 कैंटीन और गांवों के 65 कैंटीन मिलाकर कुल संख्या अब 269 हो गई है। मुख्यमंत्री ने बताया कि 5 और कैंटीन जल्द ही शुरू होने वाली हैं।
उन्होंने कहा कि 2024 में सत्ता संभालते ही उनकी सरकार ने राज्यभर में ‘अन्ना कैंटीन’ शुरू करने का काम शुरू किया था, जिसकी शुरुआत पहले शहरी क्षेत्रों से की गई।
उन्होंने अक्षय पात्र फाउंडेशन की सराहना करते हुए कहा कि यह संस्था लगातार अन्ना कैंटीन में भोजन उपलब्ध करा रही है और पिछले 25 वर्षों में 500 करोड़ से अधिक भोजन परोस चुकी है।
उन्होंने बताया कि इन कैंटीन में 5 रुपए में मिलने वाला भोजन गरीबों, ऑटो-रिक्शा चालकों, मजदूरों और दैनिक वेतनभोगियों के लिए जीवनरेखा साबित हो रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा, ''हमने लोगों को दिन में तीन बार भोजन करने का अवसर दिया है। औसतन हर अन्ना कैंटीन में रोजाना 1,013 लोग भोजन करते हैं। इसके संचालन पर प्रतिदिन 26,250 रुपए खर्च होते हैं। फिलहाल, पूरे राज्य में रोजाना 2.10 लाख लोग इन कैंटीनों में भोजन कर रहे हैं, जिस पर रोज 54 लाख रुपए से अधिक खर्च होता है। नई 62 ग्रामीण अन्ना कैंटीन के लिए सिर्फ खाद्य सब्सिडी पर ही रोजाना 18 लाख रुपए अतिरिक्त खर्च होंगे, जिसका खर्च सालाना करीब 58 करोड़ रुपए है।''
--आईएएनएस
एएमटी/डीकेपी