☰
×

बेंगलुरु को बुलेट ट्रेन की मिलेगी सौगात, हैदराबाद-चेन्नई से जुड़ेगा कॉरिडोर, वंदे भारत भी चलेगी : अश्विनी वैष्णव

 

बेंगलुरु, 1 नवंबर (आईएएनएस)। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने रविवार को घोषणा की कि प्रस्तावित 'साउथ बुलेट ट्रेन कॉरिडोर' बेंगलुरु को हैदराबाद, अमरावती और चेन्नई से जोड़ेगा। इसके साथ ही, विद्युतीकरण और टेस्टिंग का काम पूरा होने के बाद, आने वाले हफ्तों में बेंगलुरु और मंगलुरु के बीच वंदे भारत ट्रेन सेवा शुरू की जाएगी।

कर्नाटक राज्योत्सव के अवसर पर बेंगलुरु और मुंबई के बीच 'वंदे भारत स्लीपर' सेवा को हरी झंडी दिखाते हुए वैष्णव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने 'साउथ बुलेट ट्रेन कॉरिडोर' को मंजूरी दे दी है। यह कॉरिडोर इस क्षेत्र के प्रमुख तकनीकी और आर्थिक केंद्रों को आपस में जोड़ेगा और दक्षिणी राज्यों के विकास को गति देगा।

उन्होंने बताया कि इस प्रस्तावित कॉरिडोर से यात्रा के समय में काफी कमी आएगी। बेंगलुरु से चेन्नई के बीच का सफर अब केवल 73 मिनट और बेंगलुरु से हैदराबाद के बीच का सफर लगभग 2 घंटे 10 मिनट में पूरा होने की उम्मीद है।

उन्होंने कहा, "बेंगलुरु और चेन्नई अब एक ही शहर की तरह हो जाएंगे। इस कनेक्टिविटी से दक्षिण भारत के प्रमुख शहरों के बीच आर्थिक एकीकरण और मजबूत होगा। जैसे-जैसे देश 'विकसित भारत' के लक्ष्य की ओर बढ़ रहा है, प्रधानमंत्री ने 4,000 किलोमीटर के बुलेट ट्रेन कॉरिडोर को मंजूरी दी है, और आने वाले दिनों में 3,000 किलोमीटर के अन्य कॉरिडोर की घोषणा की जाएगी।

उन्होंने विश्वास जताया कि प्रस्तावित बेंगलुरु-पुणे बुलेट ट्रेन कॉरिडोर, जो कर्नाटक के उत्तरी हिस्सों से होकर गुजरेगा, वह भी जल्द ही हकीकत बनेगा।

कर्नाटक के तटीय इलाकों में बेहतर रेल कनेक्टिविटी की मांग का जिक्र करते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि मंगलुरु एक महत्वपूर्ण शहर है। बेंगलुरु-मंगलुरु रूट पर विद्युतीकरण और टेस्टिंग का काम अगले कुछ हफ्तों में पूरा कर लिया जाएगा। हमारे पास मंगलुरु-बेंगलुरु वंदे भारत ट्रेन होगी। यह पूरे क्षेत्र को बेहतरीन और उच्च-स्तरीय कनेक्टिविटी से जोड़ेगी।

वैष्णव ने कर्नाटक में एक और 'वंदे भारत स्लीपर' सेवा शुरू करने की भी घोषणा की। यह सेवा बेंगलुरु को उत्तरी कर्नाटक से जोड़ेगी, हुबली की ओर जाएगी और वहां से पुणे और मुंबई तक का सफर तय करेगी।

बेंगलुरु और मुंबई के बीच शुरू की गई नई 'वंदे भारत स्लीपर' सेवा के रूट के बारे में उन्होंने बताया कि यह ट्रेन बेंगलुरु से चलकर आंध्र प्रदेश के गुंतकल से गुजरेगी, फिर रायचूर, यादगीर और कलबुर्गी के रास्ते वापस कर्नाटक में प्रवेश करेगी और आगे महाराष्ट्र की ओर जाएगी।

उन्होंने कहा कि यह रूट उत्तरी कर्नाटक के एक बड़े हिस्से को कवर करेगा, जहां पहले पर्याप्त रेल कनेक्टिविटी नहीं थी। इस रूट को केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी, एच. डी. कुमारस्वामी और वी. सोमन्ना के साथ चर्चा के बाद अंतिम रूप दिया गया।

वंदे भारत स्लीपर सेवा शुरू करने के पीछे की प्रतिबद्धता को याद करते हुए वैष्णव ने कहा कि 1 नवंबर यानी 'कर्नाटक राज्योत्सव' का दिन इस सेवा को शुरू करने के लिए एक शुभ अवसर है।

उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री ने रेलवे को निर्देश दिया था कि आधुनिक रेल सेवाएं शुरू करते समय आम आदमी और मध्यम वर्गीय परिवारों का ध्यान रखा जाए, ताकि समाज के सबसे गरीब तबके, युवाओं और महिलाओं को भी इसका लाभ मिल सके।

उन्होंने कहा, "इसी बात को ध्यान में रखते हुए तीन अलग-अलग तरह की ट्रेनें, नमो भारत, अमृत भारत और वंदे भारत, शुरू की गई हैं, और इनकी सेवाएं लोगों को उपलब्ध कराई जा रही हैं। यह नई स्लीपर सेवा देश की टेक्नोलॉजी और स्टार्टअप राजधानी बेंगलुरु को देश की आर्थिक राजधानी मुंबई से जोड़ेगी।"

अपने संबोधन के दौरान, प्रस्तावित बुलेट ट्रेन कॉरिडोर की घोषणा के बाद केंद्रीय मंत्री जोशी खड़े हुए और वैष्णव को बधाई दी। इसके बाद, सभी नेताओं ने एक साथ हाथ मिलाया और 'एक भारत, श्रेष्ठ भारत' के नारे लगाए।

--आईएएनएस

एससीएच/एबीएम