असम पुलिस को मिलेंगे 20,000 नए कर्मचारी, 5,000 को प्रमोशन: सीएम हिमंत सरमा
गुवाहाटी, 3 सितंबर (आईएएनएस)। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने गुरुवार को राज्य के पुलिसिंग इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने के दिशा मे बड़ा कदम उठाया। इस पहल के तहत मुख्यमंत्री ने 15,000 से 20,000 नए कर्मचारियों की भर्ती और लगभग 5,000 मौजूदा पुलिसकर्मियों को प्रमोशन देने की योजना की घोषणा की।
वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के दो दिवसीय सम्मेलन के बाद यहां पत्रकारों से बात करते हुए सरमा ने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल रहेगा। उन्होंने पुलिस नेतृत्व को निर्देश दिया कि वे सुनिश्चित करें कि किसी भी स्थिति में असम की सुरक्षा व्यवस्था न बिगड़े।
मुख्यमंत्री ने कहा कि असम पुलिस की दोषसिद्धि दर (कनविक्शन रेट) में काफी सुधार हुआ है। यह 2020 में लगभग 8 प्रतिशत से बढ़कर अब 29.30 प्रतिशत हो गई है। उन्होंने इस सुधार का श्रेय आंशिक रूप से समय पर चार्जशीट दाखिल करने को दिया और कहा कि सरकार 35 प्रतिशत की दोषसिद्धि दर का लक्ष्य लेकर चल रही है।
सरमा ने दो नई पुलिस बटालियन बनाने की भी घोषणा की। एक बटालियन आपदा प्रबंधन पर ध्यान केंद्रित करेगी, जबकि दूसरी ऑयल इंडिया और ओएनजीसी के प्रतिष्ठानों की सुरक्षा जरूरतों को पूरा करेगी। साथ ही, सरकार बल में प्रमोशन की प्रक्रिया को तेज करने पर भी काम कर रही है, और लगभग 5,000 कर्मचारियों को प्रमोशन मिलने की उम्मीद है।
लचित बरफुकन पुलिस अकादमी को भी अपग्रेड किया जाएगा ताकि उसे राष्ट्रीय स्तर का दर्जा मिल सके।
सरमा ने कहा कि आधुनिक पुलिसिंग की बदलती जरूरतों को पूरा करने के लिए यह अकादमी बनाई जा रही है। पुलिस के लिए घर बनाना भी एक ऐसा क्षेत्र है जहां सरकार बड़े पैमाने पर विस्तार करने की योजना बना रही है।
असम में अभी लगभग 90,000 पुलिसकर्मियों के लिए करीब 10,000 घर हैं। सरकार इन घरों की संख्या बढ़ाकर 30,000 करने का इरादा रखती है।
सरमा ने ड्रग तस्करी के खिलाफ कार्रवाई तेज करने के लिए एक महीने के भीतर 'एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स' बनाने की योजना की भी घोषणा की। यह प्रस्तावित फोर्स आर्थिक अपराधों की भी जांच करेगी।
सरकार ड्रग डीलरों के लिए सख्त सजा की मांग करने और ड्रग तस्करी से जुड़ी संपत्तियों को जब्त करने की प्रक्रिया शुरू करने की योजना बना रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पुलिस सम्मेलन में लिए गए फैसलों को छह महीने के भीतर लागू किया जाएगा।
पुलिस अधीक्षकों का अगला सम्मेलन फरवरी में बोंगाईगांव में होगा।
--आईएएनएस
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