अदाणी पोर्ट्स का मुनाफा वित्त वर्ष 26 में 16 प्रतिशत बढ़ा, आय 38 हजार करोड़ रुपए के पार
मुंबई, 30 अप्रैल (आईएएनएस)। अदाणी पोर्ट्स एंड स्पेशल इकोनॉमिक जोन लिमिटेड (एपीएसईजेड) ने गुरुवार को वित्त वर्ष 26 के नतीजों का ऐलान किया है। इस दौरान कंपनी का मुनाफा सालाना आधार पर 16 प्रतिशत बढ़कर 12,782 करोड़ रुपए हो गया है।
कंपनी ने स्टॉक एक्सचेंज फाइलिंग में कहा कि भारत की सबसे बड़ी लॉजिस्टिक्स कंपनियों में से एक एपीएसईजेड की आय भी वित्त वर्ष 26 में सालाना आधार पर 25 प्रतिशत बढ़कर 38,736 करोड़ रुपए हो गई है। इसकी वजह कंपनी के लॉजिस्टिक्स और समुद्री बिजनेस में मजबूत उछाल आना है।
कंपनी ने कहा कि वित्त वर्ष 2026 में एबिटा सालाना आधार पर 20 प्रतिशत बढ़कर 22,851 करोड़ रुपए हो गया।
कंपनी के पूर्णकालिक निदेशक और सीईओ अश्विनी गुप्ता ने कहा, “इस तिमाही में हमारा मजबूत प्रदर्शन हमारे व्यापारिक मॉडल की मजबूती और रणनीति के अनुशासित क्रियान्वयन को दर्शाता है।”
गुप्ता ने आगे कहा, “भू-राजनीतिक अस्थिरता और वैश्विक टैरिफ अनिश्चितता के बावजूद, हमने रिकॉर्ड 50 करोड़ मीट्रिक टन पोर्ट कार्गो वॉल्यूम के दम पर वित्त वर्ष 2026 के अपने अनुमानों को पार कर लिया। लॉजिस्टिक्स और समुद्री कारोबार में भी इस वर्ष क्रमशः 55 प्रतिशत और 134 प्रतिशत की तेज वृद्धि दर्ज की गई।”
उन्होंने आगे कहा,“यह एक सार्थक प्रगति का प्रतीक है, लेकिन हमारा सफर अभी पूरा नहीं हुआ है। एपीएसईजेड ने वित्त वर्ष 2031 तक राजस्व और एबिटा को दोगुने से अधिक करने के लिए एक मजबूत आधार तैयार किया है। यह दिसंबर 2030 तक एक अरब टन बंदरगाह कार्गो के लक्ष्य, एसेट लाइट और एसेट जीरो वाली सेवाओं के तीव्र विस्तार और समुद्री बेड़े के विस्तार पर आधारित है। अनुशासित पूंजी आवंटन यह सुनिश्चित करेगा कि भविष्य के पूंजीगत व्यय को आंतरिक स्रोतों से ही फंड किया जाए, साथ ही चुनिंदा इनऑर्गेनिक विकास के लिए लचीलापन भी बना रहे।”
वर्ष की एक प्रमुख उपलब्धि यह थी कि एपीएसईजेड एक ही वर्ष में 50 करोड़ मीट्रिक टन से अधिक बंदरगाह कार्गो का प्रबंधन करने वाला पहला भारतीय एकीकृत परिवहन ऑपरेटर बन गया।
मार्च तिमाही (वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही) में, आय में वार्षिक आधार पर 26 प्रतिशत की वृद्धि हुई और यह 10,738 करोड़ रुपए तक पहुंच गई है, जबकि एबिटा में 20 प्रतिशत की वृद्धि हुई और यह 6,020 करोड़ रुपए तक पहुंच गया।
कंपनी ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि मार्च तिमाही में शुद्ध लाभ 9 प्रतिशत बढ़कर 3,308 करोड़ रुपए हो गया है।
ऑस्ट्रेलिया में एनक्यूएक्सटी टर्मिनल के जुड़ने और कोलंबो में परिचालन में तेजी आने से अंतरराष्ट्रीय बंदरगाहों के राजस्व में 34 प्रतिशत की तेज वृद्धि दर्ज की गई, साथ ही एबिटा मार्जिन में भी तेज वृद्धि हुई।
लॉजिस्टिक्स सेगमेंट एक प्रमुख विकास चालक के रूप में उभरा, जिसका राजस्व ट्रकिंग संचालन और अंतरराष्ट्रीय माल ढुलाई नेटवर्क सेवाओं के तेजी से विस्तार के कारण वार्षिक आधार पर 55 प्रतिशत बढ़ गया।
वहीं, समुद्री व्यवसाय के राजस्व में 134 प्रतिशत की वृद्धि हुई, जो बेड़े के विस्तार से समर्थित थी, जिसमें जहाजों की संख्या बढ़कर 136 हो गई।
कंपनी ने बताया कि एपीएसईजेड का समग्र आरओसीई वित्त वर्ष 2026 में बढ़कर 16 प्रतिशत हो गया, जबकि वित्त वर्ष 2025 में यह 15 प्रतिशत थी।
कंपनी के बोर्ड ने चालू वित्त वर्ष के लिए प्रति शेयर 7.5 रुपए का लाभांश घोषित किया है।
--आईएएनएस
एबीएस/