चिकित्सा संस्थानों की जानकारी समय पर अपडेट न करने पर स्वास्थ्य विभाग सख्त, 44 CMHO को नोटिस
प्रदेश में चिकित्सा संस्थानों की जानकारी समय पर अपडेट न करने के मामलों पर स्वास्थ्य विभाग ने कड़ा रुख अपनाया है। लापरवाही सामने आने के बाद 44 जिला स्तरीय सीएमएचओ (CMHO) को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब तलब किया गया है।
स्वास्थ्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि सभी सरकारी और निजी चिकित्सा संस्थानों की जानकारी नियमित रूप से पोर्टल और संबंधित डेटाबेस में अपलोड करना अनिवार्य है। यह जानकारी न केवल मरीजों के लिए सहूलियत और पारदर्शिता सुनिश्चित करती है, बल्कि स्वास्थ्य नीतियों और योजनाओं के सुचारू संचालन के लिए भी जरूरी है।
अधिकारियों ने कहा कि नोटिस जारी किए जाने के पीछे उद्देश्य केवल लापरवाह अधिकारियों को चेतावनी देना नहीं, बल्कि समय पर सही और पूर्ण जानकारी सुनिश्चित कर स्वास्थ्य सेवाओं को प्रभावी बनाना है। विभाग ने सभी सीएमएचओ को 7 दिन के भीतर लिखित जवाब देने का निर्देश दिया है।
विशेषज्ञों का मानना है कि डिजिटल प्लेटफॉर्म पर चिकित्सा संस्थानों की अद्यतन जानकारी होने से मरीजों को सुविधाजनक सेवा मिलेगी और स्वास्थ्य आपात स्थितियों में तेज निर्णय लिया जा सकेगा।
कुल मिलाकर, स्वास्थ्य विभाग की यह कार्रवाई स्पष्ट संदेश देती है कि अब समय पर डेटा अपलोड और सूचना की पारदर्शिता पर कोई समझौता नहीं होगा।