डॉ. अंबेडकर के सपनों को साकार कर रही भाजपा सरकार, नेहरू-गांधी परिवार ने किया था अपमानः नितिन नवीन
नई दिल्ली, 14 अप्रैल (आईएएनएस)। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती पर देशवासियों को शुभकामनाएं दी है। इसके साथ ही अंबेडकर के जीवन पर प्रकाश डाला और उनके जीवन से प्रेरणा लेने की सलाह दी।
भाजपा मुख्यालय में मीडिया से बातचीत करते हुए नितिन नवीन ने कहा, "बाबा भीमराव अंबेडकर का जीवन समाज सुधार, समाज को शिक्षित करने और समाज की भागीदारी सुनिश्चित करने के विचारों को समर्पित रहा है। आज भारत के नवनिर्माण में पीएम नरेंद्र मोदी उनके इन्हीं विचारों को प्राथमिकता दे रहे हैं। मैं मानता हूं, डॉक्टर अंबेडकर ने संविधान में सभी की भागीदारी, महिलाओं को अधिकार और समाज के हर वर्ग की आवाज को बुलंद करने का काम किया। निश्चित रूप से समाज के हर वर्ग को आज प्रोत्साहित करता है और प्रेरित करता है। वर्तमान में उनके संविधान निर्माण के विषय को जिस प्रकार से अलग-अलग व्याख्याएं होती हैं, लेकिन सभी का उद्देश्य जीवन ये रखता है कि कैसे हम विकास की योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक जोड़ें।"
भाजपा अध्यक्ष ने कहा, "दीनदयाल उपाध्याय और डॉ. बीआर अंबेडकर के जीवन के विचारों और आदर्श को हमारी सरकार पूरा कर रही है। एक समय ऐसा भी था, जब इस देश में नेहरू-गांधी परिवार के अलावा किसी को सम्मान नहीं देने का संकल्प था। आजादी के 60 वर्षों के बाद भी संविधान के शिल्पकार को सम्मान नहीं मिला और जब संयुक्त मोर्चा की भाजपा समर्थित सरकार बनी, तब बाबा भीमराव अंबेडकर को भारत रत्न दिया गया। इसके पूर्व में नेहरू-गांधी परिवार ने अपने आप को भारत रत्न दिया था। नितिन नवीन ने तंज कसा कि आज संविधान के प्रति को लेकर घूमते हैं। अगर कांग्रेस ने अंबेडकर के आदर्शों को थोड़ा आत्मसात करने के साथ 60 वर्षों में काम किया होता तो आज हर घर-घर में पूजे जाते।"
नितिन नवीन ने कहा, "1952 और 1954 में बाबा भीमराव अंबेडकर को अपमानित करने का काम नेहरू गांधी ने किया था। निश्चित रूप से देश हमेशा इस बात को याद रखेगा कि संविधान के निर्माता को गांधी-नेहरू परिवार ने सम्मान देने के बजाय चुनाव हराकर अपमानित करने का प्रयास किया था। आज जिस एसआईआर को लेकर राहुल गांधी और पूरा विपक्ष बेचैन है, उस समय गलत तरीके से बीआर अंबेडकर के क्षेत्र में मतदाता सूची में गड़बड़ी की गई थी। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने बाबा साहेब को सम्मान दिया। बाबा भीमराव अंबेडकर के विचारों को आगे बढ़ाते हुए सर्वशिक्षा अभियान को हमेशा आगे बढ़ाया। आज कहीं न कहीं शिक्षित समाज बनाने में उनके इस अभियान का बहुत बड़ा योगदान रहा। अब हमारे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पंच तीर्थ बनाकर अंबेडकर के विचारों को और उनके आदर्शों को स्थापित किया। इसके साथ ही विपक्ष को जवाब दिया कि जिस शख्सियत को सम्मान देना चाहिए था, पूजना चाहिए था, आपने उनको अपमानित किया।
भाजपा अध्यक्ष ने आगे कहा, "भीमराव अंबेडकर ने नारी शक्ति को जितना आगे लेकर चलने का संविधान में भी चर्चा किया है। महिलाओं की शिक्षा और भागीदारी की बात कही है। आने वाले समय में नरेंद्र मोदी की सरकार उनके इस सपने को पूरा करने जा रही है। नारी वंदन अधिनियम निश्चित रूप से अंबेडकर के सपने को पूरा करेगा।"
--आईएएनएस
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