दिल्ली में 1 मई से हर शनिवार लगेंगे ‘जन शिकायत समाधान कैंप’: सीएम रेखा गुप्ता
नई दिल्ली, 27 अप्रैल (आईएएनएस)। दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोमवार को खाद्य एवं आपूर्ति विभाग की बैठक की अध्यक्षता की। बैठक के दौरान विभागीय कार्यप्रणाली, योजनाओं के क्रियान्वयन, तकनीकी सुधारों और जनसेवा से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर गहन समीक्षा की गई। साथ ही विभाग की वर्तमान स्थिति, उपलब्धियों, चुनौतियों और आगामी रणनीतिक रोडमैप पर विस्तार से मंथन हुआ।
मुख्यमंत्री ने बैठक में निर्देश दिए कि 1 मई से हर शनिवार सुबह 9 से 11 बजे तक सभी संबंधित केंद्रों पर असिस्टेंट कमिश्नर की मौजूदगी में ‘जन शिकायत समाधान कैंप’ लगाए जाएं। इन कैंपों में राशन कार्ड से जुड़े सभी लंबित मामलों का मौके पर ही समाधान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि वह स्वयं भी इनमें से किसी एक कैंप का अचानक निरीक्षण करेंगी ताकि यह देखा जा सके कि लोगों की शिकायतों का सही तरीके से निपटारा हो रहा है या नहीं। साथ ही, कैंप के दौरान लोगों को ‘वन नेशन, वन राशन कार्ड’ योजना के बारे में जागरूक किया जाएगा और बताया जाएगा कि एक समय में वे केवल एक ही स्थान से राशन लिया जा सकता है।
व्यवस्था में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए मुख्यमंत्री ने नए लाभार्थियों के चयन के लिए एक विशेष समिति बनाने का प्रस्ताव दिया है। यह समिति निष्पक्ष तरीके से पात्रता की जांच करेगी। साथ ही नए लोगों को जोड़ने के लिए जल्द आवेदन मंगाने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि कोई भी जरूरतमंद व्यक्ति छूट न जाए। मुख्यमंत्री ने राशन वितरण में गड़बड़ियों जैसे कम वजन देना, देरी करना और कटौती पर सख्त नाराजगी जताई। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि पूरी सप्लाई व्यवस्था में डीलर और सप्लायर की जिम्मेदारी तय की जाए और जो भी दोषी पाए जाएं, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।
तकनीकी सुधार की दिशा में मुख्यमंत्री ने नए स्मार्ट राशन कार्ड जारी करने के निर्देश दिए हैं। ये कार्ड नए डिजाइन, क्यूआर कोड और आधुनिक डिजिटल फीचर्स से लैस होंगे, जिससे राशन वितरण अधिक पारदर्शी और लोगों के लिए आसान हो जाएगा। मुख्यमंत्री ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली की दुकानों (पीडीएस) को एक समान और बेहतर बनाने पर जोर दिया। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी 1,943 दुकानों पर एक जैसे सूचना बोर्ड लगाए जाएं, साफ-सफाई बनी रहे और सेवा की गुणवत्ता अच्छी हो। दुकानों की आय बढ़ाने के लिए जुलाई 2025 के आदेश के तहत पीएसयू के जरिए घरेलू और रोजमर्रा के सामान बेचने की अनुमति दी गई है।
बैठक में ‘फ्री एलपीजी योजना’ की स्थिति की समीक्षा की गई। अभी 15,47,595 पात्र लोगों में से 12,39,465 लोग इस योजना का लाभ ले रहे हैं। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि दीपावली तक बाकी सभी पात्र परिवारों को भी इस योजना से जोड़ा जाए और उज्ज्वला कनेक्शन बढ़ाने के लिए विशेष पंजीकरण अभियान चलाया जाए। इसके लिए तेल कंपनियों के साथ डेटा साझा किया जाएगा और जिला कार्यालयों में आधार केंद्र बनाकर 100 प्रतिशत ई-केवाईसी पूरा करने का लक्ष्य रखा है। उन्होंने दोहराया कि सरकार का उद्देश्य केवल योजनाएं चलाना नहीं, बल्कि यह सुनिश्चित करना है कि हर लाभार्थी तक सुविधा सही और सम्मानजनक तरीके से पहुंचे।
--आईएएनएस
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