पश्चिम एशिया तनाव का असर: जैसलमेर में एलपीजी की किल्लत बढ़ी, होटल-रेस्टोरेंट्स की रसोई पर संकट
पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव और इजरायल-ईरान संघर्ष के कारण वैश्विक ऊर्जा बाजार में अस्थिरता बढ़ती जा रही है। इसका असर अब देश के विभिन्न हिस्सों में भी दिखाई देने लगा है। सीमावर्ती जैसलमेर जिले में एलपीजी (तरल पेट्रोलियम गैस) की किल्लत धीरे-धीरे बढ़ती जा रही है, जिससे होटल, रेस्टोरेंट और पर्यटन कारोबार प्रभावित होने लगा है।
जानकारी के अनुसार कमर्शियल गैस सिलेंडरों की आपूर्ति पर केंद्र सरकार की ओर से लगाई गई रोक का असर सीधे तौर पर जैसलमेर के पर्यटन क्षेत्र पर पड़ रहा है। जैसलमेर शहर से लेकर पर्यटन स्थल सम तक कई रेस्टोरेंट्स, होटल्स और रिसॉर्ट्स में रसोईघरों का संचालन मुश्किल हो गया है। कई संचालकों का कहना है कि उन्हें समय पर कमर्शियल सिलेंडर नहीं मिल पा रहे हैं, जिसके कारण रोजमर्रा का काम प्रभावित हो रहा है।
जैसलमेर में पर्यटन गतिविधियां सालभर चलती रहती हैं और बड़ी संख्या में देश-विदेश से पर्यटक यहां आते हैं। ऐसे में होटल और रेस्टोरेंट कारोबार पूरी तरह गैस सिलेंडरों पर निर्भर रहता है। लेकिन इन दिनों कमर्शियल सिलेंडर की कमी के चलते कई प्रतिष्ठानों को सीमित स्तर पर काम करना पड़ रहा है, जबकि कुछ जगहों पर अस्थायी रूप से किचन बंद करने की स्थिति भी बन गई है।
होटल और रेस्टोरेंट संचालकों का कहना है कि यदि जल्द ही गैस सिलेंडरों की आपूर्ति सामान्य नहीं हुई तो पर्यटन कारोबार को बड़ा नुकसान उठाना पड़ सकता है। उनका कहना है कि पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं देना उनकी प्राथमिकता है, लेकिन गैस की कमी के कारण भोजन व्यवस्था प्रभावित हो रही है।
वहीं दूसरी ओर सरकार की तरफ से यह दावा किया जा रहा है कि घरेलू गैस आपूर्ति में किसी तरह की कमी नहीं होने दी जा रही है। इसके बावजूद स्थानीय लोगों का कहना है कि घरों में भी एलपीजी सिलेंडरों की उपलब्धता को लेकर परेशानी बढ़ रही है। कई उपभोक्ताओं को सिलेंडर के लिए लंबा इंतजार करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों और व्यापारियों का कहना है कि अगर स्थिति जल्द नहीं सुधरी तो इसका असर आम जनजीवन के साथ-साथ पर्यटन उद्योग पर भी पड़ेगा। जैसलमेर जैसे पर्यटन केंद्र में होटल और रेस्टोरेंट व्यवसाय बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार उपलब्ध कराते हैं, इसलिए गैस आपूर्ति सामान्य होना बेहद जरूरी है।
फिलहाल जैसलमेर में एलपीजी संकट को लेकर चिंता बढ़ती जा रही है। होटल और रेस्टोरेंट संचालक जल्द से जल्द कमर्शियल गैस सिलेंडरों की आपूर्ति बहाल करने की मांग कर रहे हैं, ताकि पर्यटन और स्थानीय कारोबार प्रभावित न हो।