Breaking: Rajasthan निकाय चुनाव में मचा भारी बवाल: कहीं लात-घूंसे, तो कहीं प्रत्याशी पर हमला, जयपुर में भी बढ़ा तनाव
जयपुर। राजस्थान में नगरीय निकाय चुनाव के दूसरे चरण के लिए आज सुबह 7 बजे से मतदान शुरू हो गया है। जयपुर सहित प्रदेश के 147 नगरीय निकायों में वोटिंग हो रही है, जो शाम 6 बजे तक चलेगी। इस चरण में 6 नगर निगम, 20 नगर परिषद और 121 नगर पालिकाएं शामिल हैं।दूसरे चरण में 4,852 वार्डों के लिए 9,758 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। इन वार्डों में कुल 87,60,884 मतदाता 18,266 प्रत्याशियों के राजनीतिक भविष्य का फैसला करेंगे। 45 वार्डों में प्रत्याशी निर्विरोध चुने जा चुके हैं। वहीं टोंक नगर परिषद के एक वार्ड में प्रत्याशियों के नामांकन वापस लेने के बाद चुनाव का बहिष्कार किया गया है।
दूसरे चरण का मतदान पूरा होने के साथ ही राजस्थान की सभी 309 नगरीय निकायों के लिए मतदान प्रक्रिया पूरी हो जाएगी। इसके बाद 14 सितंबर को सुबह 8 बजे से मतगणना शुरू होगी।
जयपुर में मुख्यमंत्री और राज्यपाल ने किया मतदान
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने परिवार के साथ जगतपुरा स्थित नवोदय शिक्षक प्रशिक्षण कॉलेज के मतदान केंद्र पर वोट डाला। उन्होंने प्रदेशवासियों से अधिक से अधिक संख्या में मतदान करने की अपील की।
राज्यपाल हरिभाऊ बागडे ने केशवनगर सामुदायिक भवन स्थित मतदान केंद्र पर मतदान किया। उन्होंने मतदाताओं से भयमुक्त होकर अपने मताधिकार का इस्तेमाल करने की अपील की।
उप मुख्यमंत्री दीया कुमारी ने भी जयपुर में मतदान किया और लोगों से लोकतंत्र के इस पर्व में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने का आह्वान किया।
कोटा में ओम बिरला ने लाइन में लगकर डाला वोट
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कोटा के वार्ड 83 में मतदान किया। वह आम मतदाताओं की तरह लाइन में खड़े होकर अपनी बारी का इंतजार करते नजर आए। उन्होंने लोगों से अधिक से अधिक मतदान करने की अपील की और कहा कि जनता की भागीदारी जितनी ज्यादा होगी, लोकतंत्र उतना ही मजबूत होगा।
नेताओं ने किया मतदान
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने सुमेरपुर के वार्ड 35 में मतदान किया। केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने जोधपुर में परिवार के साथ वोट डाला। पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी परिवार के साथ जोधपुर में मतदान किया।
राज्यसभा सांसद सतीश पूनिया ने जयपुर में परिवार के साथ वोट डाला। वहीं पूर्व मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने जयपुर में मतदान करने के बाद भाजपा सरकार पर निशाना साधा।
कई जगह विवाद और तकनीकी दिक्कत
मतदान के दौरान कुछ जगहों पर विवाद और तकनीकी समस्याएं भी सामने आईं। दौसा के एक मतदान केंद्र पर सांसद मुरारी लाल मीणा के साथ पहुंची युवती को लेकर भाजपा प्रत्याशी ने आपत्ति जताई, जिसके बाद हंगामा हुआ।
किशनगढ़ के वार्ड 38 में फर्जी मतदान की शिकायत को लेकर निर्दलीय प्रत्याशी के साथ मारपीट की घटना सामने आई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली और अतिरिक्त पुलिस जाब्ता तैनात किया गया।
झालावाड़ के खानपुर में वार्ड 11 के मतदान केंद्र पर ईवीएम में तकनीकी खराबी के कारण मतदान शुरू होने में देरी हुई। अजमेर के एक मतदान केंद्र पर भी ईवीएम में तकनीकी समस्या की शिकायत सामने आई।
मतदान केंद्रों पर दिखा उत्साह
राज्य के अलग-अलग जिलों में सुबह से ही मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की कतारें देखने को मिलीं। बारां, दौसा, कोटपूतली समेत कई क्षेत्रों में लोग मतदान शुरू होने से पहले ही बूथ पर पहुंच गए।
अलवर के खेरली में 70 वर्षीय विमला देवी अपनी दोनों बहुओं के साथ मतदान केंद्र पहुंचीं और वोट डाला। वहीं जयपुर में पहली बार मतदान करने वाले युवा मतदाताओं में भी खास उत्साह देखने को मिला।
पहले चरण में 76.41 फीसदी मतदान
राजस्थान निकाय चुनाव के पहले चरण में 76.41 फीसदी मतदान दर्ज किया गया था। प्रतापगढ़ की अरनोद नगरपालिका में सबसे अधिक 91.98 फीसदी मतदान हुआ, जबकि भीलवाड़ा नगर निगम में 63.84 फीसदी मतदान दर्ज किया गया।
इस बार राज्य निर्वाचन आयोग ने मतदान प्रतिशत बढ़ाने के लिए व्यापक व्यवस्थाएं की हैं। मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की सुविधा के लिए पानी और छायादार स्थान की व्यवस्था भी की गई है।