बिहार में अपराधी अब खुलेआम नहीं घूम सकते, तेजस्वी यादव बहा रहे गढ़ियाली आंसू: राजीव रंजन प्रसाद
पटना, 20 मई (आईएएनएस)। बिहार सरकार द्वारा हर पंचायत में सहयोग शिविर लगाए जाने के फैसले का जेडीयू प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने स्वागत किया। उन्होंने कहा कि कार्यसंस्कृति को लेकर सरकार का यह निर्णय बेहद महत्वपूर्ण है।
राजीव रंजन प्रसाद ने कहा कि निर्धारित समय सीमा के भीतर लोगों के काम नहीं होने से आम जनता की परेशानियां बढ़ती हैं। इसी दिशा में तत्कालीन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में आरटीपीएस जैसे कानून लागू किए गए थे, जिससे लोगों को काफी लाभ मिला। अब मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में नई सरकार ने न केवल इस व्यवस्था को लागू किया है, बल्कि इसके प्रभावी क्रियान्वयन के लिए मुख्यमंत्री समेत कई मंत्री विभिन्न कैंपों में पहुंच रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि इस पहल के दूरगामी परिणाम होंगे और बिहार के लोगों को समय पर न्याय एवं सेवाएं मिल सकेंगी।
बिहार में हो रहे कथित एनकाउंटर पर उठ रहे सवालों के जवाब में उन्होंने कहा कि इसे एनकाउंटर कहें या हाफ एनकाउंटर, लेकिन सबसे बड़ा संदेश यह है कि बिहार में अपराधी अब खुलेआम नहीं घूम सकते। अगर किसी ने अपराध किया है तो उसे सजा जरूर मिलेगी। बिहार पुलिस की एक्शन टेकन रिपोर्ट बताती है कि हर घटना के बाद बेहद कम समय में अपराधियों की गिरफ्तारी हो रही है। कई मामलों में पुलिस बल पर अपराधियों द्वारा हमला किए जाने पर आत्मरक्षा में पुलिस को जवाबी कार्रवाई करनी पड़ती है। उन्होंने कहा कि केवल अपराधियों की चिंता करने के बजाय उन मासूम लोगों के बारे में भी सोचना चाहिए जिनकी जिंदगी अपराधी तबाह कर रहे हैं।
नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव द्वारा बिहार में अपराध और महिलाओं के खिलाफ घटनाओं को लेकर सरकार पर निशाना साधे जाने पर जदयू नेता ने कहा कि 'गढ़ियाली आंसू' बहाने से कुछ हासिल नहीं होगा। ऐसे ही मुद्दों को लेकर विपक्ष जनता के बीच गया था और जनता ने करारा जवाब दिया। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में बने सुशासन और पुलिसिंग मॉडल को अब सम्राट चौधरी के नेतृत्व में आगे बढ़ाया जा रहा है। कहीं भी कोई घटना होने पर अपराधियों की गिरफ्तारी और उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।
दवा व्यापारियों की हड़ताल पर प्रतिक्रिया देते हुए, उन्होंने कहा कि आंदोलन करना किसी भी संगठन का लोकतांत्रिक अधिकार है, लेकिन केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन को यह भी समझना होगा कि जीवनरक्षक दवाओं की उपलब्धता प्रभावित नहीं होनी चाहिए। आम लोगों की समस्याओं का समाधान निकालना जरूरी है और आंदोलन की वजह से मरीजों को किसी तरह की परेशानी न हो, यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विदेश दौरों पर उठाए गए सवालों पर उन्होंने कहा कि भारत के लोकतंत्र की यह बड़ी विडंबना है कि नेता प्रतिपक्ष के तौर पर राहुल गांधी के बयान अपरिपक्व होते जा रहे हैं। वैश्विक कूटनीति की जटिलताओं को समझे बिना प्रधानमंत्री के विदेश दौरों की तुलना घरेलू खर्चों से करना हास्यास्पद और शर्मनाक है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के काफिले में गाड़ियों की संख्या कम करने जैसे निर्देश पहले ही दिए जा चुके हैं और भाजपा शासित राज्यों में इसका पालन भी हो रहा है। लेकिन, वैश्विक परिप्रेक्ष्य में भारत की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है और प्रधानमंत्री का विदेश जाना देशहित में आवश्यक होता है।
पेट्रोल की कीमतों में बढ़ोतरी को लेकर तेजस्वी यादव के आरोपों पर उन्होंने कहा कि आंख मूंदकर दुनिया की परिस्थितियों को नहीं समझा जा सकता। पश्चिम एशिया संकट के कारण अमेरिका, यूरोप समेत कई विकसित देश आर्थिक दबाव महसूस कर रहे हैं और वहां पेट्रोलियम पदार्थों की कीमतें काफी बढ़ गई हैं। अर्थशास्त्रियों ने वैश्विक स्तर पर जीडीपी ग्रोथ रेट में गिरावट और महंगाई बढ़ने की आशंका जताई है।
जेडीयू प्रवक्ता ने कहा कि भारत सरकार ने लंबे समय तक नागरिकों पर बढ़ी हुई कीमतों का बोझ नहीं पड़ने दिया। हालांकि, हाल की बढ़ोतरी से लोगों को परेशानी जरूर हुई है, लेकिन आर्थिक व्यवस्था को संभालने के लिए कई बार कठिन फैसले लेने पड़ते हैं। इन परिस्थितियों को समझे बिना केवल राजनीतिक आरोप लगाना रचनात्मक विपक्ष की भूमिका नहीं दर्शाता।
--आईएएनएस
पीएसके