×

भाजपा विकास पर चुनाव नहीं लड़ सकती, इसलिए उठा रही है समाज को बांटने वाले मुद्दे: हरीश रावत

 

नई दिल्ली, 14 सितंबर (आईएएनएस)। उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने भारतीय जनता पार्टी, आम आदमी पार्टी और मौजूदा राजनीतिक मुद्दों को लेकर तीखी प्रतिक्रिया दी है। दिलीप घोष के मदरसे वाले बयान पर उन्होंने कहा कि भाजपा विकास के एजेंडे पर चुनाव लड़ने में विफल रही है, इसलिए समाज को बांटने वाले मुद्दे उठा रही है। वहीं पीएम मोदी के जन्मदिन पर 'आशीर्वाद का दीया' जलाने की अपील का स्वागत किया और महिला एशिया कप में ट्रॉफी विवाद पर बीसीसीआई के रुख को सही ठहराया।

पश्चिम बंगाल के मंत्री दिलीप घोष के मदरसे वाले बयान को लेकर उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा, "लगता है भाजपा ने मान लिया है कि वह विकास के एजेंडे पर चुनाव नहीं लड़ सकती। इसलिए वह गैर-मुद्दों और समाज में विभाजन बढ़ाने वाले मुद्दों को उठाना चाहती है। ठीक है आप सत्ता में हैं और अगर यही आपका घोषित उद्देश्य है तो आगे बढ़िए लेकिन हमारा मानना है कि कुछ मामलों को उन धर्मों के लोगों पर छोड़ देना चाहिए कि वे अपने धार्मिक मामलों का प्रबंधन और संचालन कैसे करना चाहते हैं।"

भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन की लोगों से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर 'आशीर्वाद का दीया' जलाने की अपील को लेकर हरीश रावत ने कहा, "हम भी प्रधानमंत्री के अच्छे स्वास्थ्य की कामना करते हैं। चूंकि वह प्रधानमंत्री हैं, देश के मुद्दे भी उनसे जुड़े हैं। हमें उम्मीद है कि वह उन मुद्दों को सुलझाएंगे। सार्वजनिक जीवन में लोगों की उपलब्धियों का जश्न मनाया जाता है और पीएम मोदी निश्चित रूप से एक व्यक्तित्व हैं। इसलिए मुझे उनकी पार्टी द्वारा उनका जन्मदिन मनाने में कुछ भी गलत नहीं लगता।"

भारतीय महिला क्रिकेट टीम द्वारा एसीसी अध्यक्ष मोहसिन नकवी से महिला एशिया कप ट्रॉफी नहीं लेने पर उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा, "हां, यह भारत की नीति है कि खेल और खून-खराबा एक साथ नहीं चल सकते। अगर आप यहां आतंकवाद का समर्थन करते हैं, तो हम आपके साथ कैसे खेल सकते हैं, यह खेल भावना को खत्म कर देता है। इसलिए बीसीसीआई द्वारा उठाया गया यह बहुत अच्छा कदम था और वे इसके लिए बधाई के पात्र हैं।"

आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने गुजरात समेत कई राज्यों में भाजपा की मदद की है। हरियाणा में भी उन्होंने भाजपा की मदद की। अगर उनके समर्थन से मिले वोट कांग्रेस को मिलते तो चुनाव परिणामों की तस्वीर कुछ और होती।

--आईएएनएस

केके/वीसी