अल्बानियाई प्रधानमंत्री ट्रंप के बोर्ड ऑफ पीस की पहली बैठक में होंगे शामिल
नई दिल्ली, 15 फरवरी (आईएएनएस)। एक और देश ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बनाए 'बोर्ड ऑफ पीस' की पहली बैठक में शामिल होने का ऐलान कर दिया है। अल्बानिया के प्रधानमंत्री एडी रामा ने कहा है कि वो वाशिंगटन जाएंगे।
इसी हफ्ते ट्रंप के “बोर्ड ऑफ पीस” की पहली बैठक होनी है। रामा ने एक पॉडकास्ट में ये बात कही।
रामा ने अल्बानियाई पॉडकास्टर फ्लासिम को दिए एक साक्षात्कार में कहा, “मैं पीस बोर्ड का हिस्सा बनने के लिए वाशिंगटन में रहूंगा।”
इसके साथ ही उन्होंने दावा किया कि बोर्ड का स्थायी सदस्य बनने के लिए वो कोई रकम नहीं अदा करेंगे। रामा ने पहले कहा था कि उनका देश इस पहल का स्थायी सदस्य बनने के लिए पैसे नहीं देगा।
उन्होंने शो में कहा, “अल्बानिया को एक फाउंडिंग देश होने का खास अधिकार है, और वह इसमें शामिल होने या परमानेंट मेंबर बने रहने के लिए पैसे नहीं देगा।”
ट्रंप ने जनवरी में दावोस में वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में "बोर्ड ऑफ पीस" लॉन्च किया था, और 19 देशों ने इसके फाउंडिंग चार्टर पर हस्ताक्षर किए थे। ट्रंप ने दावा किया कि यह बोर्ड दुनिया में चल रहे युद्ध और संघर्ष को खत्म करने की दिशा में बड़ा कदम होगा। उन्होंने कहा था कि अब दुनिया को शांति की जरूरत है और यह मंच उसी मकसद से बनाया गया है।
क्रोएशिया, फ्रांस, इटली, न्यूजीलैंड और नॉर्वे जैसे देशों ने पहले ही इसमें शामिल होने से मना कर दिया है, और कइयों ने कहा है कि वे ऐसा तभी सोच सकते हैं जब इसका चार्टर बदला जाए। इसमें रूस भी शामिल है।
हाल ही में रूस ने भी पहली बैठक में शामिल होने से इनकार कर दिया। रूसी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता मारिया जखारोवा ने कहा, "रूस (आगामी) बोर्ड ऑफ पीस मीटिंग में हिस्सा नहीं लेगा।"
इससे पहले, रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने कहा था कि मॉस्को बोर्ड ऑफ पीस के बारे में अपनी स्थिति को परख रहा है और इस बात पर विचार कर रहा है कि "यूएन सिक्योरिटी काउंसिल के स्थायी सदस्यों सहित पश्चिम और पूर्व के कई देशों ने इस विचार पर कितनी सावधानी से प्रतिक्रिया दी है।"
--आईएएनएस
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