National Unity Day 2026: क्यों मनाया जाता है राष्ट्रीय एकता दिवस? जानें सरदार पटेल से जुड़ा इतिहास और इसका महत्व
भारत में हर साल 31 अक्टूबर को राष्ट्रीय एकता दिवस मनाया जाता है। यह दिन देश के पहले उप प्रधानमंत्री और गृह मंत्री सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती को समर्पित है। सरदार पटेल को उनकी दृढ़ इच्छाशक्ति और नेतृत्व क्षमता के कारण 'लौह पुरुष' कहा जाता है। आजादी के बाद देश को एकजुट करने और सैकड़ों रियासतों का भारत में विलय कराने में उनकी अहम भूमिका रही थी। राष्ट्रीय एकता दिवस के मौके पर उनके योगदान को याद किया जाता है और देशवासियों को एकता, अखंडता तथा भाईचारे का संदेश दिया जाता है।
राष्ट्रीय एकता दिवस क्यों मनाया जाता है?
राष्ट्रीय एकता दिवस मनाने का मुख्य उद्देश्य देश के नागरिकों में एकता और राष्ट्रीय भावना को मजबूत करना है। भारत विभिन्न धर्मों, भाषाओं, जातियों और संस्कृतियों वाला देश है। यहां विविधता के बावजूद सभी नागरिक एक साझा राष्ट्रीय पहचान से जुड़े हैं।
सरदार वल्लभभाई पटेल ने आजादी के बाद देशी रियासतों को भारत में शामिल कराने के लिए महत्वपूर्ण प्रयास किए थे। उनके नेतृत्व और कूटनीतिक कौशल से देश की एकता को मजबूत करने में मदद मिली। इसी योगदान को सम्मान देने के लिए उनकी जयंती को राष्ट्रीय एकता दिवस के रूप में मनाया जाता है।
कब हुई राष्ट्रीय एकता दिवस की शुरुआत?
भारत सरकार ने साल 2014 में सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती यानी 31 अक्टूबर को राष्ट्रीय एकता दिवस के रूप में मनाने की शुरुआत की थी। इसके बाद से हर साल इस दिन देशभर में अलग-अलग कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं।
स्कूलों, कॉलेजों और सरकारी कार्यालयों में राष्ट्रीय एकता की शपथ दिलाई जाती है। इसके अलावा भाषण, सांस्कृतिक कार्यक्रम और जागरूकता अभियान भी आयोजित किए जाते हैं। साल 2015 में सरदार पटेल की 140वीं जयंती के अवसर पर 'एक भारत, श्रेष्ठ भारत' पहल की शुरुआत की गई थी। इसका उद्देश्य विभिन्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लोगों के बीच सांस्कृतिक आदान-प्रदान और आपसी समझ को बढ़ावा देना है।
राष्ट्रीय एकता दिवस का क्या है महत्व?
राष्ट्रीय एकता दिवस देशवासियों को याद दिलाता है कि भारत की असली ताकत उसकी विविधता और एकजुटता में है। अलग-अलग भाषाओं, धर्मों और परंपराओं के बावजूद सभी नागरिक देश की प्रगति और अखंडता में योगदान देते हैं।
इस दिन देश के कई हिस्सों में 'रन फॉर यूनिटी' यानी एकता दौड़ का आयोजन किया जाता है। इसमें बड़ी संख्या में लोग हिस्सा लेकर राष्ट्रीय एकता और भाईचारे का संदेश देते हैं। यह दिन सरदार पटेल के विचारों और उनके योगदान से प्रेरणा लेने के साथ ही देश की एकता और अखंडता बनाए रखने का संकल्प लेने का अवसर भी है।