अरुणाचल में सरकारी नौकरी के नियम बदले, अब PRC और APST के साथ स्थानीय जनजातीय भाषा का ज्ञान भी जरूरी
अरुणाचल प्रदेश में सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे उम्मीदवारों के लिए बड़ा अपडेट सामने आया है। राज्य सरकार ने सरकारी विभागों और उससे जुड़ी संस्थाओं में होने वाली सीधी भर्ती के नियमों में अहम बदलाव किया है। अब ग्रुप A, B और C पदों पर सीधी भर्ती के लिए उम्मीदवारों के पास अरुणाचल प्रदेश का वैध परमानेंट रेजिडेंस सर्टिफिकेट (PRC) और अरुणाचल प्रदेश शेड्यूल्ड ट्राइब (APST) सर्टिफिकेट होना अनिवार्य होगा।
इसके अलावा उम्मीदवार को राज्य में संविधान के तहत मान्यता प्राप्त किसी स्वदेशी जनजातीय भाषा का ज्ञान भी होना चाहिए। सरकार ने नए नियमों को तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया है।
किन संस्थानों में लागू होंगे नए नियम?
26 अगस्त को जारी सरकारी अधिसूचना के मुताबिक, ये नियम सिर्फ राज्य सरकार के विभागों तक सीमित नहीं रहेंगे। सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों, स्वायत्त संस्थाओं तथा स्थानीय और शहरी निकायों में होने वाली सीधी भर्तियों पर भी नई पात्रता शर्तें लागू होंगी।
अधिसूचना राज्यपाल की मंजूरी के बाद मुख्य सचिव मनीष कुमार गुप्ता की ओर से जारी की गई। इससे पहले राज्य कैबिनेट ने 13 अगस्त 2026 को हुई बैठक में इन बदलावों को मंजूरी दी थी।
PRC और APST सर्टिफिकेट क्यों जरूरी?
नए नियमों के तहत सरकारी नौकरी के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवार के पास अरुणाचल प्रदेश का वैध PRC होना चाहिए। इसके साथ APST सर्टिफिकेट भी अनिवार्य किया गया है।
इन दस्तावेजों के जरिए उम्मीदवार के राज्य से संबंधित निवास और अनुसूचित जनजाति की पात्रता की पुष्टि की जाएगी। इसके अलावा उम्मीदवार को संविधान आदेश, 1950 के तहत अधिसूचित किसी स्वदेशी जनजातीय भाषा का ज्ञान होना भी जरूरी होगा।
नौकरी मिलने के बाद भी देना होगा भाषा टेस्ट
नई व्यवस्था में सिर्फ स्थानीय भाषा का ज्ञान होना ही पर्याप्त नहीं होगा। चयनित उम्मीदवारों के लिए भाषा दक्षता परीक्षा का प्रावधान भी किया गया है।
जब तक प्रतियोगी परीक्षाओं में भाषा दक्षता परीक्षा को शामिल नहीं किया जाता, तब तक चयनित उम्मीदवारों को नौकरी ज्वाइन करने के बाद यह परीक्षा देनी होगी। उम्मीदवार को तीन साल की प्रोबेशन अवधि के भीतर भाषा परीक्षा पास करनी होगी।
अगर उम्मीदवार तय समय सीमा में परीक्षा पास नहीं करता है, तो उसकी सालाना वेतन वृद्धि और प्रमोशन रोक दिया जाएगा। ये लाभ तब तक नहीं मिलेंगे, जब तक वह निर्धारित भाषा परीक्षा में सफल नहीं हो जाता।
APPSC और APSSB को भी दिए गए निर्देश
राज्य सरकार ने अरुणाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग (APPSC) और अरुणाचल प्रदेश स्टाफ सिलेक्शन बोर्ड (APSSB) को भी नए नियमों के मुताबिक भर्ती प्रक्रिया तैयार करने के निर्देश दिए हैं।
दोनों भर्ती एजेंसियों को भविष्य में जारी होने वाले भर्ती विज्ञापनों और संबंधित नियमों में नई पात्रता शर्तों को स्पष्ट रूप से शामिल करना होगा।
छात्र संगठन ने फैसले का किया स्वागत
सरकार के इस फैसले का ऑल अरुणाचल प्रदेश स्टूडेंट्स यूनियन (AAPSU) ने स्वागत किया है। संगठन ने इसे राज्य के मूल निवासियों के हितों की सुरक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया है।
AAPSU अध्यक्ष मेजे ताकू ने कहा कि सरकारी भर्तियों में PRC और APST सर्टिफिकेट अनिवार्य करने की मांग संगठन लंबे समय से करता रहा है। उन्होंने भर्ती एजेंसियों से अपील की कि नए नियमों को सभी संबंधित भर्तियों में प्रभावी तरीके से लागू किया जाए।
स्थानीय युवाओं के लिए अहम बदलाव
नए नियमों के लागू होने के बाद अरुणाचल प्रदेश में सरकारी नौकरी की पात्रता व्यवस्था पहले की तुलना में अधिक स्थानीय-केंद्रित हो गई है। PRC, APST और जनजातीय भाषा की शर्तें अब सीधी भर्ती प्रक्रिया का महत्वपूर्ण हिस्सा होंगी। वहीं, चयन के बाद भाषा परीक्षा पास करना भी सरकारी सेवा में आगे बढ़ने के लिए जरूरी होगा।