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तन-मन के लिए क्यों जरूरी है योगासन? आयुष मंत्रालय से जानें

 

नई दिल्ली, 18 अप्रैल (आईएएनएस)। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की तैयारियों के बीच भारत सरकार का आयुष मंत्रालय सोशल मीडिया पर लगातार जागरूकता फैला रहा है। अपने लेटेस्ट पोस्ट में मंत्रालय ने बताया कि आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में तनाव, थकान और मानसिक असंतुलन आम समस्या बन चुकी है। ऐसे में योगासन तन और मन दोनों को स्वस्थ रखने का सबसे आसान, प्राकृतिक और प्रभावी उपाय है।

आयुष मंत्रालय के अनुसार, योगासन सिर्फ शारीरिक व्यायाम नहीं हैं, बल्कि शरीर, मन और आत्मा के बीच सामंजस्य स्थापित करने का बेहतरीन माध्यम हैं। नियमित अभ्यास से शरीर लचीला और मजबूत बनता है, जबकि मन शांत और संतुलित होता है। ऐसे में लोगों से अपील करता है कि योग को अपनी दैनिक दिनचर्या में शामिल करें और स्वस्थ जीवनशैली अपनाएं।

एक्सपर्ट बताते हैं कि आसन मजबूती और स्थिरता का निर्माण करते हैं। ये शारीरिक आसन मन, शरीर और आत्मा को एक साथ लाने में मदद करते हैं। इससे लचीलापन बढ़ता है, तालमेल सुधरता है, सहनशक्ति बढ़ने के साथ ही पूरी सेहत बेहतर होती है।

योग एक्सपर्ट बताते हैं कि योग कोई व्यायाम मात्र नहीं, बल्कि एक जीवनशैली है। इसे रोजाना थोड़े समय के लिए भी शामिल करने से तनाव मुक्ति, मानसिक स्पष्टता और शारीरिक स्थिरता मिलती है। विशेषकर युवाओं और व्यस्त लोगों के लिए योगासन तन-मन को स्वस्थ रखने का सबसे अच्छा उपाय है। योग का अभ्यास हर उम्र के लोगों के लिए फायदेमंद है। चाहे बच्चे हों या बुजुर्ग, सभी को इससे लाभ होता है। योगासनों से शरीर को ही नहीं बल्कि मन को भी कई लाभ मिलते हैं।

शरीर को मजबूत और लचीला बनाना :- योगासन मांसपेशियों को मजबूत करते हैं, जोड़ों की गतिशीलता बढ़ाते हैं और शरीर में रक्त संचार सुधारते हैं। इससे थकान कम होती है और ऊर्जा का स्तर बना रहता है।

मन को शांत और संतुलित करना :- नियमित अभ्यास तनाव और चिंता को कम करता है। मन की एकाग्रता बढ़ती है, भावनात्मक संतुलन स्थापित होता है और बेहतर नींद आती है।

आत्मा के साथ सामंजस्य :- योगासन सिर्फ शरीर को नहीं, बल्कि आंतरिक शांति भी देते हैं। इससे आत्मा की ऊर्जा जागृत होती है और जीवन में सकारात्मकता आती है।

रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाना : - योगासन ऑक्सीजन युक्त रक्त का संचार सुधारते हैं, इंद्रियों को नियंत्रित करते हैं और कई बीमारियों जैसे हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज और तनाव से जुड़ी समस्याओं से बचाव करते हैं।

बेहतर स्वास्थ्य की नींव :- योग को अपनाने से शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक स्तर पर संतुलन बनता है। यह न केवल रोगों का उपचार करता है, बल्कि जीवन की समस्याओं का समाधान भी प्रदान करता है।

--आईएएनएस

एमटी/एएस