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boAt ने लॉन्च किया Crest AI, अब Earbuds से होगी बातचीत; Gmail से लेकर Translation तक मिलेंगे फीचर्स
 

 


नई दिल्ली: अब ईयरबड्स का इस्तेमाल सिर्फ गाने सुनने या फोन कॉल करने तक सीमित नहीं रहेगा। भारतीय ऑडियो डिवाइस कंपनी boAt ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस पर आधारित अपना नया Crest AI प्लेटफॉर्म पेश किया है। कंपनी ने इसे Google Cloud के साथ साझेदारी में तैयार किया है, जिसमें Google Gemini की AI तकनीक का इस्तेमाल किया गया है।

कंपनी के मुताबिक, Crest AI से लैस डिवाइसेज यूजर्स के सवालों को समझकर रियल टाइम में जवाब देने और बातचीत करने में सक्षम होंगे। इसका उद्देश्य ईयरबड्स और दूसरे ऑडियो डिवाइसेज को ज्यादा स्मार्ट और पर्सनलाइज्ड बनाना है।

Gemini Live के जरिए होगी नेचुरल बातचीत

Crest AI में Gemini Live को इंटीग्रेट किया गया है। इसके जरिए यूजर्स AI के साथ लगातार और सामान्य बातचीत की तरह संवाद कर सकेंगे।

कंपनी का कहना है कि यह तकनीक पारंपरिक ऑडियो हार्डवेयर और AI कंप्यूटिंग के बीच की दूरी को कम करने की दिशा में एक कदम है। boAt और Google Cloud भारत में अलग-अलग भाषाओं और बोलियों में AI अनुभव उपलब्ध कराने पर भी काम करेंगे।

इस पूरे सिस्टम के लिए Google Cloud के इंफ्रास्ट्रक्चर और Gemini Enterprise Agent Platform का इस्तेमाल किया जाएगा।

अब Gmail और Calendar भी कर सकेंगे कंट्रोल

Crest AI की खासियत सिर्फ बातचीत तक सीमित नहीं है। इसे Google Workspace के साथ भी इंटीग्रेट किया जाएगा।

इसके जरिए यूजर्स वॉयस कमांड की मदद से Gmail, Google Tasks और Google Calendar जैसे टूल्स से जुड़े काम कर सकेंगे। उदाहरण के तौर पर ईमेल से जुड़े कार्य, टास्क मैनेज करना या कैलेंडर में जरूरी काम देखना वॉयस के जरिए किया जा सकेगा।

आने वाले समय में ईमेल का जवाब तैयार करने या मीटिंग शेड्यूल करने जैसे कामों में भी वॉयस कमांड की मदद मिल सकती है।

Crest Translate से होगा रियल टाइम अनुवाद

Crest AI में Crest Translate नाम का फीचर भी दिया गया है। इसका उद्देश्य दो अलग-अलग भाषाएं बोलने वाले लोगों के बीच बातचीत को आसान बनाना है।

यह रियल टाइम में दो तरफा भाषा अनुवाद की सुविधा देने के लिए डिजाइन किया गया है। इससे यात्रा, कामकाज या अलग-अलग भाषाएं बोलने वाले लोगों के साथ बातचीत में मदद मिल सकती है।

Crest Ask देगा सवालों के जवाब

दूसरा प्रमुख फीचर Crest Ask है। इसके जरिए यूजर सामान्य बातचीत के अंदाज में सवाल पूछ सकेंगे और AI से जवाब हासिल कर सकेंगे।

यह फीचर रोजमर्रा के सवालों के जवाब देने के साथ सीखने, नए आइडिया तैयार करने और अलग-अलग जानकारी हासिल करने में मदद कर सकता है।

boAt का क्या कहना है?

boAt के CEO गौरव नैयर के मुताबिक, Google Gemini को Crest AI डिवाइसेज में शामिल करने का उद्देश्य पारंपरिक वॉयस असिस्टेंट से आगे बढ़कर ऐसे संवादात्मक AI एजेंट तैयार करना है, जो यूजर की अलग-अलग जरूरतों में मदद कर सकें।

कंपनी के अनुसार, Crest AI के जरिए वॉयस सवालों के जवाब, डिवाइस कंट्रोल, म्यूजिक प्लेबैक, प्रोडक्टिविटी, भाषा अनुवाद और FAQ सपोर्ट जैसी सुविधाओं को एक ही अनुभव में जोड़ा जा रहा है।

Google Cloud के इंफ्रास्ट्रक्चर के साथ boAt का लक्ष्य इस AI आधारित अनुभव को भारत में बड़े स्तर पर यूजर्स तक पहुंचाना है। ऐसे में आने वाले समय में ईयरबड्स केवल ऑडियो सुनने वाले डिवाइस न रहकर पर्सनल AI असिस्टेंट की तरह काम करते दिखाई दे सकते हैं।