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Air Purifier Buying Tips: हवा साफ करने वाली मशीन खरीदने से पहले जरूर चेक करें ये 3 बातें, वरना पैसे हो सकते हैं बर्बाद

 

त्योहारों के मौसम और सर्दियों की शुरुआत के साथ कई शहरों में वायु प्रदूषण बढ़ने लगता है। दिल्ली-एनसीआर समेत कई इलाकों में सुबह के समय धुंध और खराब AQI लोगों की चिंता बढ़ा देते हैं। बाहर की हवा की गुणवत्ता को नियंत्रित करना हमारे हाथ में नहीं है, लेकिन घर के अंदर हवा को बेहतर बनाने के लिए एयर प्यूरीफायर एक उपयोगी विकल्प हो सकता है।

इसी वजह से लोग ऑनलाइन सेल और ऑफर के दौरान एयर प्यूरीफायर खरीदने में दिलचस्पी दिखाते हैं। हालांकि, सिर्फ कम कीमत देखकर मशीन खरीदना नुकसानदेह साबित हो सकता है। गलत क्षमता वाला या कमजोर फिल्ट्रेशन सिस्टम वाला प्यूरीफायर कमरे की हवा को जरूरत के मुताबिक साफ नहीं कर पाएगा। इसलिए खरीदने से पहले इन तीन जरूरी बातों पर ध्यान देना चाहिए।

1. HEPA फिल्टर और मल्टी-लेयर फिल्ट्रेशन की जांच करें

एयर प्यूरीफायर का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा उसका फिल्ट्रेशन सिस्टम होता है। खरीदते समय केवल ‘HEPA-Type’ या ‘HEPA-Like’ लिखे होने पर भरोसा न करें। फिल्टर की वास्तविक क्षमता और निर्माता की ओर से दिए गए प्रमाणित स्पेसिफिकेशन जरूर जांचें।

अच्छी गुणवत्ता वाला HEPA फिल्टर हवा में मौजूद बारीक कणों, धूल और पराग जैसे प्रदूषकों को कम करने में मदद कर सकता है। कुछ फिल्टर 0.3 माइक्रोन आकार के कणों को कम से कम 99.97 प्रतिशत तक रोकने के लिए रेट किए जाते हैं। हालांकि, यह प्रदर्शन फिल्टर की गुणवत्ता और परीक्षण मानकों पर निर्भर करता है।

एयर प्यूरीफायर में इन तीन तरह के फिल्टर का होना उपयोगी है:

  • प्री-फिल्टर: बाल, रेशे और धूल के बड़े कणों को रोकने में मदद करता है।
  • HEPA फिल्टर: हवा में मौजूद बारीक कणों, जैसे PM2.5, को कम करता है।
  • एक्टिवेटेड कार्बन फिल्टर: कुछ गैसों, गंध और वाष्पशील कार्बनिक यौगिकों (VOCs) को कम करने में मदद कर सकता है।

ध्यान रखें कि हर एयर प्यूरीफायर बैक्टीरिया, सभी जहरीली गैसों या हर तरह के प्रदूषक को पूरी तरह खत्म नहीं करता। इसलिए खरीदने से पहले यह देखें कि मशीन किन प्रदूषकों को कम करने के लिए बनाई गई है।

2. कमरे के आकार के हिसाब से चुनें CADR

एयर प्यूरीफायर खरीदते समय कमरे का आकार सबसे अहम है। छोटे कमरे के लिए बनी मशीन बड़े बेडरूम या हॉल में पर्याप्त सफाई नहीं कर पाएगी। इसलिए खरीदने से पहले CADR यानी Clean Air Delivery Rate की रेटिंग जरूर जांचें।

CADR बताता है कि प्यूरीफायर कितनी तेजी से साफ हवा उपलब्ध करा सकता है। आम तौर पर अधिक CADR वाली मशीन बड़े कमरे में ज्यादा उपयोगी होती है, बशर्ते उसकी क्षमता कमरे के आकार के अनुरूप हो।

अगर आपका बेडरूम लगभग 200 से 300 वर्ग फीट का है, तो ऐसे मॉडल पर विचार करें जिसकी CADR रेटिंग कमरे के आकार और जरूरत के हिसाब से पर्याप्त हो। केवल एक तय आंकड़े पर निर्भर रहने के बजाय निर्माता की ओर से बताई गई कवरेज, कमरे की ऊंचाई और प्रदूषण के स्तर को भी ध्यान में रखें।

प्रदूषण ज्यादा होने पर मशीन को उचित स्पीड पर चलाना जरूरी है। दरवाजे और खिड़कियां बार-बार खुलने पर भी उसकी प्रभावशीलता प्रभावित हो सकती है।

3. कीमत के साथ फिल्टर और मेंटेनेंस का खर्च भी देखें

कई लोग एयर प्यूरीफायर खरीदते समय केवल उसकी शुरुआती कीमत देखते हैं, लेकिन बाद में फिल्टर बदलने का खर्च बजट बिगाड़ सकता है। एयर प्यूरीफायर के फिल्टर हमेशा नहीं चलते और उन्हें समय-समय पर बदलना पड़ता है।

फिल्टर बदलने का समय मशीन के मॉडल, इस्तेमाल, प्रदूषण के स्तर और निर्माता के निर्देशों पर निर्भर करता है। कुछ मॉडलों में फिल्टर 6 से 12 महीने के आसपास बदलने की जरूरत पड़ सकती है, जबकि दूसरे मॉडलों में अवधि अलग हो सकती है।

खरीदने से पहले ये बातें जरूर जांचें:

  • उस मॉडल के रिप्लेसमेंट फिल्टर की कीमत कितनी है।
  • नया फिल्टर ऑनलाइन या स्थानीय बाजार में आसानी से उपलब्ध है या नहीं।
  • मशीन का शोर कितना है और क्या उसमें स्लीप मोड दिया गया है।
  • बिजली की खपत और वारंटी की शर्तें क्या हैं।
  • फिल्टर बदलने का संकेत देने वाला इंडिकेटर उपलब्ध है या नहीं।

अगर आप रात में बेडरूम में एयर प्यूरीफायर चलाना चाहते हैं, तो कम शोर वाला मॉडल चुनना बेहतर हो सकता है। साथ ही, फिल्टर की नियमित सफाई और समय पर बदलाव से मशीन का प्रदर्शन बनाए रखने में मदद मिलती है।

एयर प्यूरीफायर खरीदते समय न करें जल्दबाजी

एयर प्यूरीफायर चुनते समय केवल ब्रांड, आकर्षक डिजाइन या डिस्काउंट पर फैसला न लें। फिल्टर की गुणवत्ता, CADR, कमरे के आकार और लंबे समय तक आने वाले रखरखाव के खर्च की तुलना करें। सही क्षमता वाली मशीन घर के अंदर हवा में मौजूद कई प्रदूषकों को कम करने में मदद कर सकती है, लेकिन यह बाहर के प्रदूषण से पूरी सुरक्षा की गारंटी नहीं देती।