×

महाशिवरात्रि की रात शिव मंदिर में कितने दीपक जलाना शुभ? एक क्लिक में जान लीजिए

 

ज्योतिष न्यूज़ डेस्क: हिंदू धर्म में कई सारे पर्व मनाए जाते हैं लेकिन महाशिवरात्रि बेहद ही खास है जो कि महादेव को समर्पित है इस दिन भक्त भोलेनाथ की विधिवत पूजा करते हैं और व्रत आदि भी रखते हैं।

<a href=https://youtube.com/embed/C8nI2zlyGvQ?autoplay=1&mute=1><img src=https://img.youtube.com/vi/C8nI2zlyGvQ/hqdefault.jpg alt=""><span><div class="youtube_play"></div></span></a>" style="border: 0px; overflow: hidden"" style="border: 0px; overflow: hidden;" width="640">

इस साल महाशिवरात्रि का पर्व आज यानी 26 फरवरी दिन बुधवार को मनाया जा रहा है इस दिन शिव पार्वती की पूजा का विधान होता है। ऐसा करने से उत्तम फलों की प्राप्ति होती है

<a href=https://youtube.com/embed/LGzqgQk5ie0?autoplay=1&mute=1><img src=https://img.youtube.com/vi/LGzqgQk5ie0/hqdefault.jpg alt=""><span><div class="youtube_play"></div></span></a>" style="border: 0px; overflow: hidden"" style="border: 0px; overflow: hidden;" width="640">

लेकिन इसी के साथ ही अगर महाशिवरात्रि की रात महादेव के मंदिर में दीपक जलाया जाए तो भगवान प्रसन्न होकर कृपा करते हैं और दुख परेशानियों को दूर कर भक्तों की सारी मनोकामनाओं को पूरा कर देते हैं तो आज हम आपको अपने इस लेख द्वारा बता रहे हैं कि महाशिवरात्रि की रात कितने दीपक जलाना शुभ होता है, तो आइए जानते हैं। 

<a href=https://youtube.com/embed/YjyCc6Tyg-A?autoplay=1&mute=1><img src=https://img.youtube.com/vi/YjyCc6Tyg-A/hqdefault.jpg alt=""><span><div class="youtube_play"></div></span></a>" style="border: 0px; overflow: hidden"" style="border: 0px; overflow: hidden;" width="640">

महाशिवरात्रि की रात जलाएं इतने दीपक—
अगर आप नौकरी या कारोबार में किसी समस्या से जूझ रहे हैं या फिर आपकी मनोकामना पूरी नहीं हो रही है तो ऐसे में आप महाशिवरात्रि की रात शिव मंदिर जाएं और वहां भगवान भोलेनाथ की विधिवत पूजा करें इसके बाद शिव के समक्ष 11 दीपक जलाएं।

इसके बाद वहीं बैठकर या खड़े होकर 108 बार ओम् नमः शिवाय मंत्र का जाप करें। मान्यता है कि इस दिव्य उपाय को अगर महाशिवरात्रि की रात किया जाए तो नौकरी व कारोबार में जबरदस्त तरक्की मिलती है साथ ही मनोकामना भी पूरी हो जाती है और कष्टों से राहत मिलती है।