दिल्ली में बदला मौसम का मिजाज, छह साल में सबसे ठंडा रहा मार्च का दिन
देश की राजधानी नई दिल्ली समेत कई राज्यों में अचानक मौसम का रुख बदल गया है। बीते दिनों हुई बारिश और तेज हवाओं के चलते शुक्रवार को तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई, जिससे लोगों को मार्च महीने में भी ठंड का एहसास हुआ।
मौसम विभाग के अनुसार, शुक्रवार का दिन पिछले छह वर्षों में मार्च का सबसे ठंडा दिन रहा। राजधानी में अधिकतम तापमान सफदरजंग मौसम केंद्र पर 21.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य तापमान से काफी कम है। इससे पहले 8 मार्च 2020 को अधिकतम तापमान 21.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया था।
मौसम में इस अचानक बदलाव की वजह पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टरबेंस) को माना जा रहा है, जिसके प्रभाव से उत्तर भारत के कई हिस्सों में बारिश और तेज हवाएं चलीं। इसके कारण तापमान में गिरावट आई और मौसम सुहावना होने के साथ-साथ ठंडक भी महसूस की गई।
राजधानी में दिनभर बादल छाए रहे और कई इलाकों में हल्की बारिश भी देखने को मिली। तेज हवाओं के चलते लोगों को ठिठुरन का एहसास हुआ और गर्म कपड़े फिर से निकालने पड़ गए।
मौसम विभाग का कहना है कि फिलहाल इस तरह का मौसम कुछ और समय तक बना रह सकता है, लेकिन इसके बाद तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होने की संभावना है। जैसे ही मौसम साफ होगा, तापमान में फिर से इजाफा हो सकता है और गर्मी का असर दिखने लगेगा।
मौसम में इस बदलाव का असर लोगों की दिनचर्या पर भी देखने को मिला है। कई जगहों पर लोग घरों के अंदर ही रहने को मजबूर हुए, जबकि सड़कों पर आवाजाही सामान्य से कम रही।
विशेषज्ञों के अनुसार, इस तरह के मौसम परिवर्तन आमतौर पर मार्च-अप्रैल के बीच देखने को मिलते हैं, जब ठंड और गर्मी के बीच का संतुलन बदलता है। हालांकि, इस बार तापमान में आई अचानक गिरावट को असामान्य माना जा रहा है।
फिलहाल, मौसम विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि वे बदलते मौसम को देखते हुए सावधानी बरतें और आवश्यकतानुसार ही बाहर निकलें, खासकर तब जब मौसम में अचानक बदलाव देखने को मिल रहा हो।