Sunny Deol Unknown Facts: बचपन में पिता धर्मेंद्र के को-स्टार को गोली मारने निकले थे सनी, गुस्से में फाड़ दी थी अपनी जींस
सनी देओल बॉलीवुड के उन अभिनेताओं में शामिल हैं, जिन्हें उनकी दमदार आवाज, एक्शन और गुस्से वाले अंदाज के लिए पहचाना जाता है। ‘घायल’, ‘दामिनी’ और ‘गदर’ जैसी फिल्मों में उनके किरदारों ने दर्शकों के बीच खास पहचान बनाई। लेकिन सनी देओल की जिंदगी से जुड़े कुछ किस्से ऐसे भी हैं, जो उनके फिल्मी करियर से कम दिलचस्प नहीं हैं। बचपन में पिता धर्मेंद्र को पर्दे पर पिटते देखकर उनका गुस्सा होना हो या फिल्म ‘डर’ की शूटिंग के दौरान अपनी ही जींस फाड़ देना, उनके कई पुराने किस्से आज भी चर्चा में रहते हैं।
पिता धर्मेंद्र को पर्दे पर पीटते देख गुस्सा हो गए थे सनी
सनी देओल बचपन से ही अपने पिता धर्मेंद्र के काफी करीब थे। बताया जाता है कि जब वह करीब चार साल के थे, तब उन्होंने धर्मेंद्र की फिल्म ‘शोला और शबनम’ देखी थी। फिल्म में अभिनेता एम. राजन के किरदार को धर्मेंद्र के किरदार के साथ मारपीट करते दिखाया गया था।
फिल्म देखने के बाद सनी को लगा कि अभिनेता ने सच में उनके पिता को मारा है। इसी बात से नाराज होकर उन्होंने एयर गन उठा ली और उन्हें गोली मारने की बात कहने लगे। कुछ समय बाद जब एम. राजन धर्मेंद्र से मिलने उनके घर पहुंचे, तो सनी को फिल्म का वही दृश्य याद आ गया। उस उम्र में उन्हें पर्दे पर दिखाई जाने वाली लड़ाई और वास्तविक जिंदगी के बीच का अंतर समझ नहीं आया था।
अनुराग कश्यप की फिल्म में धर्मेंद्र की मौत पर अड़ गए थे सनी
निर्देशक अनुराग कश्यप ने अपने करियर के शुरुआती दौर में धर्मेंद्र को एक फिल्म की कहानी सुनाई थी। बताया जाता है कि कहानी सुनकर धर्मेंद्र काफी प्रभावित हुए और उन्होंने फिल्म में काम करने की इच्छा जताई।
लेकिन कहानी के अंत में धर्मेंद्र के किरदार की मौत होने की बात सामने आने पर सनी देओल ने उन्हें फिल्म करने से मना कर दिया। किस्से के मुताबिक, सनी का कहना था कि देओल परिवार के किरदार फिल्मों में मरते नहीं हैं। यह घटना सनी के अपने पिता के प्रति लगाव और पर्दे पर उनकी छवि को लेकर भावनात्मक जुड़ाव को दिखाती है।
12-13 साल की उम्र में कार चलाने का था शौक
सनी देओल को बचपन से ही गाड़ियों का शौक था। इंटरव्यू में वह बता चुके हैं कि कम उम्र में ही उन्होंने कार चलाने की कोशिश शुरू कर दी थी। शुरुआती दिनों में वह ड्राइवर की गोद में बैठकर स्टीयरिंग संभालते थे।
सनी ने एक इंटरव्यू में यह भी बताया था कि कभी-कभी घर के लोग सो जाते थे, तो वह चुपके से गाड़ी की चाबी लेकर कार चलाने निकल जाते थे। इस दौरान उनसे गाड़ियों को नुकसान भी पहुंचा। उनके मुताबिक, उन्हें गाड़ियों के साथ-साथ एक्शन से जुड़ी चीजों में भी काफी दिलचस्पी थी।
लड़ाई में पैर में घुस गई थी रॉड
सनी देओल ने रणवीर अल्लाहबादिया के पॉडकास्ट में अपनी जिंदगी से जुड़ी एक लड़ाई का जिक्र किया था। उनके मुताबिक, एक बार विवाद इतना बढ़ गया कि उन पर रॉड से हमला हुआ और उनके पैर में चोट लगी।
सनी ने बताया था कि उस समय वह अकेले लड़ रहे थे, जबकि उनके साथ आए कुछ लोग कार में ही बैठे रहे। उन्होंने इस घटना को याद करते हुए कहा था कि उन्हें गंभीर चोट लग सकती थी और लोगों को इस तरह के झगड़ों से दूर रहना चाहिए।
अपनी गलती मानी तो सामने वाले से माफी भी मांगी
सनी देओल ने अपने स्कूल के दिनों का एक किस्सा भी साझा किया था। उन्होंने बताया कि दोस्तों के साथ कार में जाते समय उन्होंने एक लड़की को देखकर कुछ कह दिया था। उनका कहना था कि उनका इरादा दोस्तों के बीच मजाक करने का था, लेकिन बाद में उन्हें एहसास हुआ कि उनकी बात गलत थी।
इसके बाद लड़की का भाई उनसे मिलने पहुंचा। सनी ने बताया कि जब उन्हें अपनी गलती का एहसास हुआ, तो उन्होंने उसे स्वीकार किया और कहा कि अगर उनकी बात से किसी को ठेस पहुंची है, तो वह गलत थे। इस किस्से के जरिए उन्होंने यह संदेश दिया था कि अपनी गलती मानने में पीछे नहीं हटना चाहिए।
क्रिकेट मैच के दौरान हुआ विवाद, पुलिस तक पहुंचा मामला
फिल्मों में आने से पहले सनी देओल एक क्रिकेट मैच के दौरान हुए विवाद को भी याद कर चुके हैं। उनके मुताबिक, वह भारत और न्यूजीलैंड का मुकाबला देखने गए थे। वहां कुछ लोगों को पता चला कि वह धर्मेंद्र के बेटे हैं। इसके बाद कथित तौर पर कुछ लोगों ने उन्हें परेशान करना शुरू कर दिया और सिगरेट के टुकड़े फेंके।
इस हरकत से सनी नाराज हो गए और विवाद बढ़कर हाथापाई तक पहुंच गया। हालात बिगड़ने पर पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा था। सनी ने बाद में इस घटना का जिक्र करते हुए माना कि गुस्से में कई बार हालात हाथ से निकल जाते हैं।
अनिल कपूर के साथ फिल्म की शूटिंग में बढ़ गया था तनाव
सनी देओल और अनिल कपूर ने 1988 में आई फिल्म ‘राम अवतार’ में साथ काम किया था। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, फिल्म के एक फाइट सीन के दौरान दोनों के बीच तनाव बढ़ गया था। बताया जाता है कि सनी को एक दृश्य में अनिल का गला पकड़ना था और शूटिंग के दौरान स्थिति असहज हो गई थी।
दोनों के बीच मतभेदों की चर्चा फिल्म ‘जोशीले’ के समय से भी होती रही है। रिपोर्ट्स में इसकी वजह फिल्म के पोस्टर और क्रेडिट्स में कलाकारों के नामों की जगह को बताया गया। हालांकि, इन घटनाओं के अलग-अलग विवरण सामने आते रहे हैं, इसलिए इन्हें संबंधित रिपोर्ट्स और पुराने बयानों के संदर्भ में ही देखना चाहिए।
‘घायल’ बनाने के लिए धर्मेंद्र ने लगाया था पैसा
सनी देओल के करियर में 1990 में रिलीज हुई फिल्म ‘घायल’ एक अहम पड़ाव साबित हुई। फिल्म के निर्देशक राजकुमार संतोषी की कहानी को शुरुआत में निर्माता आसानी से समर्थन देने के लिए तैयार नहीं थे। इसके बाद धर्मेंद्र ने कहानी पर भरोसा जताया और अपने प्रोडक्शन हाउस विजयता फिल्म्स के बैनर तले फिल्म बनाने का फैसला किया।
‘घायल’ को दर्शकों ने खूब पसंद किया और इस फिल्म ने सनी देओल को एक मजबूत एक्शन अभिनेता के रूप में स्थापित करने में मदद की। फिल्म में उनके अभिनय के लिए उन्हें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार में स्पेशल जूरी अवॉर्ड भी मिला।
पाकिस्तान में भी मिल चुका है सनी देओल को प्यार
सनी देओल की फिल्मों में भारत-पाकिस्तान के बीच टकराव और देशभक्ति से जुड़े किरदार काफी लोकप्रिय रहे हैं। ‘गदर’ में तारा सिंह का किरदार इसका बड़ा उदाहरण है। हालांकि, सनी ने एक इंटरव्यू में बताया था कि विदेश यात्राओं के दौरान उन्हें पाकिस्तानी प्रशंसकों से भी प्यार मिला।
उनके मुताबिक, इंग्लैंड और दुबई में पाकिस्तानी लोगों ने उनसे मुलाकात की, तस्वीरें खिंचवाईं और गर्मजोशी से स्वागत किया। सनी का कहना था कि कलाकारों की पहचान सीमाओं तक सीमित नहीं होती। फिल्म में निभाया गया किरदार कहानी का हिस्सा होता है, जबकि वास्तविक जिंदगी में लोगों के बीच आपसी सम्मान अहम है।
‘डर’ की शूटिंग के दौरान गुस्से में फाड़ दी थी जींस
सनी देओल और शाहरुख खान की फिल्म ‘डर’ 1993 में रिलीज हुई थी। फिल्म में सनी ने एक कमांडो की भूमिका निभाई थी, जबकि शाहरुख खान ने नकारात्मक किरदार निभाया था।
मीडिया रिपोर्ट्स में बताया गया है कि फिल्म के एक सीन को लेकर सनी और निर्देशक यश चोपड़ा के बीच मतभेद हो गए थे। दृश्य में शाहरुख के किरदार को सनी के किरदार पर चाकू से हमला करना था। सनी का मानना था कि एक प्रशिक्षित कमांडो को इतनी आसानी से चाकू लगना कहानी के लिहाज से सही नहीं था।
जब इस बात पर सहमति नहीं बनी, तो सनी बेहद नाराज हो गए। किस्से के मुताबिक, उन्होंने गुस्से में अपनी जींस की जेबों में हाथ डालकर जोर से खींचा, जिससे जींस फट गई। यह घटना उनके गुस्से और अपने किरदार को लेकर गंभीरता से जुड़े चर्चित किस्सों में शामिल है।