×

असली फेमिनिज्म वही, जहां पुरुष अपनी महिला को पहचान बनाने का पूरा मौका दे : रुबीना दिलैक

 

मुंबई, 11 मई (आईएएनएस)। टेलीविजन की मशहूर अभिनेत्री रुबिना दिलैक ने हाल ही में नारीवाद और रिश्तों में पुरुष व महिला ऊर्जा के संतुलन पर अपनी राय रखी। उनका कहना है कि असली नारीवाद (फेमिनिज्म) तभी संभव है, जब एक पुरुष अपनी साथी को अपनी पहचान बनाने और आगे बढ़ने का पूरा मौका दे।

आईएएनएस के साथ एक खास बातचीत में रुबिना ने कहा, "जब तक कोई पुरुष अपनी महिला की पहचान को खिलने का मौका नहीं देता, तब तक हम फेमिनिज़्म के बारे में चाहे कितनी भी जोर से क्यों न बात कर लें, यह मुमकिन नहीं है।"

उन्होंने इसे आध्यात्मिक नजरिए से भी समझाया। रुबिना ने कहा कि जैसे शक्ति और शिव की ऊर्जा मिलकर संतुलन बनाती है, वैसे ही रिश्तों में भी पुरुष और महिला दोनों की भूमिकाएं बराबर अहम होती हैं। जब शक्ति को अपनी ताकत दिखानी होती है, तब वह सामने आती है और जब शिव को अपनी पुरुष ऊर्जा दिखानी होती है, तब वह नजर आती है। यही दोनों शक्तियों का खूबसूरत संतुलन है।

रुबिना ने आगे बताया कि रिश्तों में समय के साथ कई बदलाव आते हैं। कभी एक साथी अपने सपनों को पूरा करने में लगा होता है, तो दूसरा उसका साथ देता है। उन्होंने अपने पति अभिनव शुक्ला का उदाहरण देते हुए कहा कि जिंदगी में कुछ समय ऐसा होगा जब अभिनव अपने काम और सपनों पर ध्यान देंगे और वह उनका साथ देंगी। वहीं कुछ समय ऐसा भी आएगा जब वह अपने सपनों को पूरा करेंगी और अभिनव उनका साथ करेंगे।

उन्होंने कहा, "जब आप इस बात को समझते हैं, तो इससे परिवार के लिए एक मजबूत वैल्यू सिस्टम बनता है।"

रुबिना जल्द ही टीवी के चर्चित रियलिटी शो खतरों के खिलाड़ी के 15वें सीजन में नजर आने वाली हैं। शो की शूटिंग के लिए वह जल्द ही दक्षिण अफ्रीका के केप टाउन रवाना होंगी।

रुबिना ने यह भी बताया कि अपनी जुड़वां बेटियों से 40 दिनों तक दूर रहना उनके लिए एक मां के तौर पर काफी मुश्किल होने वाला है। उन्होंने कहा कि बच्चों से दूर रहकर उनके गले लगने और प्यार को मिस करना आसान नहीं होगा।

--आईएएनएस

एएस/