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60-70 के दशक की फैशन आइकन, जिनकी खूबसूरती के दीवाने थे लोग; वीडियो में जाने आखिरी दौर में झेला अकेलापन

 

हिंदी सिनेमा के सुनहरे दौर यानी 1960 और 1970 के दशक में कई अभिनेत्रियों ने अपनी अदाकारी और खूबसूरती से दर्शकों के दिलों में जगह बनाई। इन्हीं में से एक नाम था साधना शिवदासानी का। अपनी शानदार एक्टिंग, आकर्षक व्यक्तित्व और अनोखे स्टाइल के कारण साधना ने फिल्म इंडस्ट्री में एक अलग पहचान बनाई। उनका हेयरस्टाइल इतना लोकप्रिय हुआ कि देशभर की लड़कियां उसे अपनाने लगी थीं। एक समय ऐसा था जब साधना की फिल्में बॉक्स ऑफिस पर हिट होती थीं और उनकी एक झलक पाने के लिए दर्शक उत्साहित रहते थे। लेकिन जिंदगी के आखिरी वर्षों में उन्हें कई मुश्किलों का सामना करना पड़ा। बीमारी, आर्थिक परेशानियों और अकेलेपन ने उनके जीवन के अंतिम दौर को काफी कठिन बना दिया था।

कराची में हुआ था साधना का जन्म

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साधना शिवदासानी का जन्म 2 सितंबर 1941 को ब्रिटिश इंडिया के कराची में एक सिंधी परिवार में हुआ था। बचपन से ही उनका सपना अभिनेत्री बनने का था। साल 1947 में भारत-पाकिस्तान विभाजन के बाद उनका परिवार भारत आ गया और मुंबई में बस गया।मुंबई में रहते हुए साधना ने फिल्मी दुनिया में कदम रखने का सपना देखा। उनकी खूबसूरती और प्रतिभा ने जल्द ही फिल्म निर्माताओं का ध्यान आकर्षित किया।

14 साल की उम्र में मिला पहला फिल्मी मौका

साधना को महज 14 साल की उम्र में हिंदी सिनेमा में काम करने का पहला मौका मिला। उन्हें दिग्गज अभिनेता और निर्देशक राज कपूर की फिल्म ‘श्री 420’ में काम करने का अवसर मिला था।इस फिल्म में साधना गाने ‘मुड़ मुड़ के’ में बैकग्राउंड डांसर के रूप में नजर आई थीं। यह उनका फिल्मों से जुड़ने का शुरुआती अनुभव था। हालांकि उस समय वह मुख्य अभिनेत्री नहीं थीं, लेकिन यही मौका उनके आगे के फिल्मी सफर की शुरुआत बना।

पहली फिल्म के लिए मिली थी सिर्फ 1 रुपए फीस

साधना शिवदासानी का बतौर अभिनेत्री करियर फिल्म ‘अबाना’ से शुरू हुआ था। यह भारत की पहली सिंधी फिल्म मानी जाती है, जो साल 1958 में रिलीज हुई थी।बताया जाता है कि इस फिल्म के लिए साधना को सिर्फ 1 रुपए फीस मिली थी। हालांकि यह रकम भले ही बहुत कम थी, लेकिन इसी फिल्म ने उनके लिए हिंदी सिनेमा के बड़े मंच का रास्ता खोल दिया।इसके बाद साधना ने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा और धीरे-धीरे वह हिंदी फिल्मों की प्रमुख अभिनेत्रियों में शामिल हो गईं।

बनीं फैशन आइकन

साधना का स्टाइ और उनका खास हेयरकट लोगों के बीच बेहद लोकप्रिय हुआ। उनका फ्रंट फ्रिंज हेयरस्टाइल ‘साधना कट’ के नाम से मशहूर हो गया। उस दौर में युवतियों के बीच यह स्टाइल काफी ट्रेंड में रहा।उनकी खूबसूरती और अभिनय का जादू ऐसा था कि वह अपने समय की सबसे चर्चित अभिनेत्रियों में गिनी जाने लगीं।हालांकि सफलता और शोहरत से भरे इस सफर के बाद जिंदगी के आखिरी पड़ाव में साधना को कई कठिनाइयों से गुजरना पड़ा। बीमारी और अकेलेपन के बावजूद उनकी फिल्मी विरासत आज भी हिंदी सिनेमा के इतिहास में अमर है। साधना शिवदासानी का नाम भारतीय सिनेमा की उन अभिनेत्रियों में लिया जाता है, जिन्होंने अपने अंदाज से एक पूरी पीढ़ी को प्रभावित किया।