काला हिरण द बैटल फॉर लेगेसी' पर बढ़ा विवाद, वीडियो में जाने प्रोड्यूसर ने गोविंद नामदेव को भेजा लीगल नोटिस
1998 के चर्चित काला हिरण शिकार मामले की पृष्ठभूमि पर बन रही फिल्म ‘काला हिरण द बैटल फॉर लेगेसी’ रिलीज से पहले ही विवादों में घिर गई है। फिल्म के प्रोड्यूसर अमित जानी और वरिष्ठ अभिनेता Govind Namdev के बीच विवाद अब कानूनी मोड़ ले चुका है। अमित जानी ने अभिनेता को लीगल नोटिस भेजते हुए सार्वजनिक माफी और हर्जाने की मांग की है।प्रोड्यूसर अमित जानी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर इस कार्रवाई की जानकारी दी। उन्होंने दावा किया कि गोविंद नामदेव को भेजे गए नोटिस में सात दिनों के भीतर सार्वजनिक रूप से माफी मांगने और प्रोडक्शन हाउस को 50 लाख रुपये का हर्जाना देने की मांग की गई है। प्रोड्यूसर का आरोप है कि अभिनेता के हालिया बयानों से फिल्म और प्रोडक्शन कंपनी की छवि को नुकसान पहुंचा है।
यह विवाद उस समय शुरू हुआ जब गोविंद नामदेव ने मीडिया से बातचीत में आरोप लगाया कि उन्हें फिल्म के बारे में पूरी जानकारी नहीं दी गई थी और उन्हें कथित तौर पर धोखे से इस प्रोजेक्ट से जोड़ा गया। अभिनेता के इस बयान के बाद फिल्म को लेकर नई बहस छिड़ गई और सोशल मीडिया पर भी मामला चर्चा का विषय बन गया।अमित जानी ने अभिनेता के आरोपों को पूरी तरह खारिज किया है। उन्होंने कहा कि फिल्म से जुड़ी सभी जानकारियां अनुबंध प्रक्रिया के दौरान उपलब्ध कराई गई थीं और गोविंद नामदेव ने अपनी सहमति से प्रोजेक्ट साइन किया था। प्रोड्यूसर का दावा है कि अभिनेता को केवल इस फिल्म के लिए ही नहीं, बल्कि इसके संभावित सीक्वल के लिए भी अनुबंधित किया गया था।
अमित जानी ने अपने बयान में यह भी आरोप लगाया कि गोविंद नामदेव अब जानबूझकर फिल्म से दूरी बनाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि अभिनेता ऐसा इसलिए कर रहे हैं ताकि वे बॉलीवुड अभिनेता Salman Khan की नजरों में अपनी सकारात्मक छवि बनाए रख सकें। हालांकि, इस आरोप को लेकर गोविंद नामदेव की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।गौरतलब है कि ‘काला हिरण द बैटल फॉर लेगेसी’ का विषय 1998 के बहुचर्चित काला हिरण शिकार मामले से जुड़ा बताया जा रहा है। यह मामला लंबे समय तक देशभर में चर्चा का विषय रहा था और इसमें सलमान खान का नाम भी सामने आया था। इसी कारण फिल्म की घोषणा के बाद से ही इसे लेकर लोगों की दिलचस्पी बनी हुई है।
फिल्म के निर्माण से पहले ही कलाकारों और निर्माताओं के बीच उत्पन्न विवाद ने परियोजना को सुर्खियों में ला दिया है। कानूनी नोटिस भेजे जाने के बाद अब सभी की नजरें गोविंद नामदेव की प्रतिक्रिया पर टिकी हैं। यदि निर्धारित समय के भीतर कोई जवाब नहीं आता है, तो मामला अदालत तक पहुंच सकता है। फिलहाल यह विवाद फिल्म के प्रमोशन से ज्यादा चर्चा का केंद्र बन गया है। आने वाले दिनों में दोनों पक्षों की ओर से दिए जाने वाले बयान और कानूनी कदम इस पूरे मामले की दिशा तय करेंगे। फिल्म इंडस्ट्री और दर्शक दोनों इस विवाद के अगले घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं।