दक्षिणेश्वर काली मंदिर पहुंचीं सुनीता आहूजा, वीडियो में बोलीं- मेरे जीवन में भी कुछ राक्षस हैं, मां उनका नाश करें
बॉलीवुड अभिनेता गोविंदा की पत्नी सुनीता आहूजा हाल ही में कोलकाता के प्रसिद्ध दक्षिणेश्वर काली मंदिर पहुंचीं। यहां उन्होंने मां काली के दर्शन और पूजा-अर्चना की। मंदिर में पूजा के बाद सुनीता आहूजा ने अपने निजी जीवन से जुड़ी परेशानियों का जिक्र किया और मां काली से उनसे मुक्ति दिलाने की प्रार्थना की। उनके बयान के बाद एक बार फिर उनके निजी जीवन को लेकर चल रही चर्चाओं ने ध्यान खींचा है।
मीडिया से बातचीत के दौरान सुनीता आहूजा ने कहा कि वह दक्षिणेश्वर काली माता रानी के दर्शन करने आई हैं। उन्होंने मां काली की शक्ति का जिक्र करते हुए कहा कि महाकाली राक्षसों का नाश करती हैं। इसी संदर्भ में उन्होंने अपने जीवन की परेशानियों की ओर इशारा करते हुए कहा कि उनके जीवन में भी कुछ राक्षस हैं और वह मां से प्रार्थना करने आई हैं कि उनका भी नाश करें।सुनीता ने कहा, "मैं आज दक्षिणेश्वर काली माता रानी का दर्शन करने आई हूं। आप सब जानते हैं कि महाकाली राक्षसों का नाश करती हैं। मेरे भी जीवन में कुछ राक्षस हैं, माता से बोलने आई हूं कि उनका भी नाश करें।"
सुनीता आहूजा ने इस दौरान मीडिया में चल रही चर्चाओं को लेकर भी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने मीडिया से अपील करते हुए कहा कि पब्लिसिटी के लिए कुछ लोगों द्वारा की जा रही गतिविधियों को बढ़ावा नहीं दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि वह हाथ जोड़कर मीडिया से विनती करती हैं कि ऐसी चीजों को सपोर्ट न किया जाए।उन्होंने अपनी बात रखते हुए परिवार और महिलाओं का उदाहरण भी दिया। सुनीता ने कहा कि अगर किसी के घर की बेटी या बहू को इस तरह के हालात का सामना करना पड़े तो वह परिवार किस स्थिति से गुजरेगा, इस बारे में भी सोचना चाहिए।
सुनीता आहूजा के इस बयान को उनके निजी जीवन को लेकर हाल के दिनों में सामने आई मीडिया चर्चाओं के संदर्भ में देखा जा रहा है। हालांकि, उन्होंने अपने बयान में किसी व्यक्ति का नाम लेकर सीधे तौर पर आरोप नहीं लगाया। उन्होंने अपने जीवन में मौजूद परेशानियों को 'राक्षस' बताते हुए मां काली से उनसे मुक्ति की प्रार्थना की।दक्षिणेश्वर काली मंदिर में दर्शन के दौरान सुनीता आहूजा का यह बयान सोशल मीडिया और मनोरंजन जगत में चर्चा का विषय बन गया है। उनके बयान के बाद लोग उनके शब्दों को उनके निजी जीवन से जुड़ी मौजूदा चर्चाओं के संदर्भ में देख रहे हैं। हालांकि, सुनीता ने स्पष्ट रूप से यह नहीं बताया कि वह किन लोगों या परिस्थितियों की बात कर रही थीं।