☰
×

रणबीर कपूर की ‘रामायण’ के गाने ‘मंगल रंग’ पर विवाद, वीडियो में जाने सूफी बीट्स और शादी की रस्म को लेकर सोशल मीडिया पर उठे सवाल

 

रणबीर कपूर और साई पल्लवी स्टारर फिल्म ‘रामायण’ का नया गाना ‘मंगल रंग’ रविवार को रिलीज किया गया। एआर रहमान के संगीत से सजे इस गाने को अरिजीत सिंह और श्रेया घोषाल ने अपनी आवाज दी है। हालांकि, गाना रिलीज होते ही सोशल मीडिया पर इसे लेकर बहस शुरू हो गई। कुछ यूजर्स ने गाने में कव्वाली और सूफी संगीत के इस्तेमाल पर सवाल उठाए, तो कुछ ने राम और सीता के विवाह के दौरान दिखाए गए एक दृश्य को लेकर आपत्ति जताई।सोशल मीडिया पर हो रही आलोचना के बीच गाने में दिखाई गई विवाह की रस्म को लेकर भी चर्चा है। कुछ यूजर्स इसे हल्दी की रस्म बता रहे हैं, जबकि रिपोर्ट्स के मुताबिक, दृश्य में पारंपरिक ‘चुमावन’ रस्म दिखाई गई है। इस तरह गाने के संगीत और दृश्यों, दोनों को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।

सूफी और कव्वाली बीट्स को लेकर एआर रहमान पर सवाल

‘मंगल रंग’ में इस्तेमाल की गई धुन को लेकर कुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने नाराजगी जताई है। आलोचकों का कहना है कि वाल्मीकि रामायण पर आधारित फिल्म के संगीत में पारंपरिक भारतीय और शास्त्रीय संगीत को प्राथमिकता दी जानी चाहिए थी। कुछ लोगों ने गाने में सुनाई देने वाले सूफी और कव्वाली अंदाज पर भी सवाल उठाए हैं।इन यूजर्स का तर्क है कि रामायण जैसे पौराणिक महाकाव्य पर आधारित फिल्म के संगीत में कहानी के सांस्कृतिक और धार्मिक संदर्भों को ध्यान में रखना चाहिए। कुछ लोगों ने यह भी कहा कि गाने की धुन उनकी अपेक्षाओं पर खरी नहीं उतरी।हालांकि, सोशल मीडिया पर सामने आ रही ये प्रतिक्रियाएं दर्शकों की व्यक्तिगत राय हैं। संगीत की शैली और उसकी उपयुक्तता को लेकर लोगों की पसंद अलग-अलग हो सकती है।

राम-सीता के विवाह के दृश्य पर भी चर्चा

<a style="border: 0px; overflow: hidden" href=https://youtube.com/embed/U3bzjmiQc2Y?autoplay=1&mute=1><img src=https://img.youtube.com/vi/U3bzjmiQc2Y/hqdefault.jpg alt=""><span><div class="youtube_play"></div></span></a>" style="border: 0px; overflow: hidden;" width="640">

गाने में राम और सीता के विवाह के दौरान दिखाई गई एक रस्म भी चर्चा का विषय बन गई है। कुछ दर्शकों ने दृश्य को हल्दी की रस्म समझकर सवाल उठाए। वहीं, रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह हल्दी नहीं बल्कि पारंपरिक ‘चुमावन’ रस्म है।इस रस्म को लेकर हुई चर्चा से पता चलता है कि पौराणिक प्रसंगों को पर्दे पर दिखाते समय दृश्य की सांस्कृतिक पृष्ठभूमि को समझना भी महत्वपूर्ण है। हालांकि, दृश्य की वास्तविक प्रस्तुति और उसके संदर्भ को लेकर किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले फिल्म के दृश्य और उससे जुड़ी आधिकारिक जानकारी को देखना जरूरी है।

अरिजीत सिंह और श्रेया घोषाल की आवाज में गाना

‘मंगल रंग’ को अरिजीत सिंह और श्रेया घोषाल ने गाया है, जबकि इसका संगीत एआर रहमान ने तैयार किया है। गाने के रिलीज होने के बाद इन कलाकारों के काम को लेकर भी सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। जहां कुछ यूजर्स संगीत की शैली से असंतुष्ट नजर आए, वहीं विवाद का मुख्य केंद्र गाने की धुन और उसके सांस्कृतिक संदर्भ बने हुए हैं।फिल्म ‘रामायण’ को लेकर दर्शकों की उम्मीदें काफी ऊंची हैं। ऐसे में इसके संगीत और दृश्यों पर होने वाली चर्चा फिल्म की रिलीज से पहले ही सुर्खियों में आ गई है।

सांस्कृतिक प्रस्तुति को लेकर छिड़ी बहस

‘मंगल रंग’ को लेकर सामने आई प्रतिक्रियाओं ने एक बार फिर फिल्मों में पौराणिक कथाओं की प्रस्तुति और संगीत की शैली पर बहस शुरू कर दी है। कुछ दर्शक पारंपरिक संगीत और सांस्कृतिक प्रामाणिकता पर जोर दे रहे हैं, जबकि किसी गाने की शैली को लेकर अंतिम राय दर्शकों की व्यक्तिगत पसंद पर भी निर्भर करती है।फिलहाल, सोशल मीडिया पर गाने को लेकर मिली-जुली प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। विवाद के बीच यह देखना दिलचस्प होगा कि फिल्म के निर्माता और संगीतकार इन प्रतिक्रियाओं पर कोई जवाब देते हैं या नहीं।