☰
×

NMC New Update: मेडिकल शिक्षा के 2023 वाले नियम वापस, कॉलेजों के लिए ADR जमा करना अब भी जरूरी

 

भारत में मेडिकल शिक्षा से जुड़े नियमों को लेकर नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) ने बड़ा फैसला लिया है। आयोग ने Maintenance of Standards of Medical Education Regulations, 2023 को तत्काल प्रभाव से वापस ले लिया है। इस संबंध में 14 अक्टूबर 2026 को अधिसूचना जारी की गई। इस फैसले का असर मेडिकल कॉलेजों और चिकित्सा शिक्षा से जुड़े संस्थानों के प्रशासन पर पड़ सकता है।

हालांकि, नियम वापस लेने का यह मतलब नहीं है कि मेडिकल कॉलेजों की सभी रिपोर्टिंग और कानूनी जिम्मेदारियां समाप्त हो गई हैं। NMC ने स्पष्ट किया है कि संस्थानों के लिए Annual Disclosure Report (ADR) जमा करने की व्यवस्था जारी रहेगी।

सितंबर 2023 में अधिसूचित हुए थे नियम

नेशनल मेडिकल कमीशन देश में मेडिकल शिक्षा और चिकित्सा पेशे से जुड़े नियमन की जिम्मेदारी संभालने वाली वैधानिक संस्था है। आयोग ने सितंबर 2023 में मेडिकल शिक्षा के मानकों को बनाए रखने के उद्देश्य से ये नियम अधिसूचित किए थे।

अब NMC ने National Medical Commission Act, 2019 के तहत प्राप्त अधिकारों का इस्तेमाल करते हुए इन नियमों को वापस लेने का फैसला किया है। इसके बाद मेडिकल कॉलेजों को लागू कानूनों और प्रभावी नियमों के अनुसार अपनी जिम्मेदारियों का पालन करना होगा।

मेडिकल कॉलेजों को जमा करनी होगी Annual Disclosure Report

नियम वापस लिए जाने के बाद भी मेडिकल संस्थानों के लिए Annual Disclosure Report यानी ADR की अहमियत बनी हुई है। कॉलेजों और संबंधित संस्थानों को लागू प्रावधानों के मुताबिक यह रिपोर्ट जमा करनी होगी।

इस रिपोर्टिंग व्यवस्था के जरिए संस्थानों से जुड़ी आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराने की प्रक्रिया जारी रहेगी। इसलिए मेडिकल कॉलेजों को यह नहीं मानना चाहिए कि 2023 के नियम वापस होने से उनकी सभी अनुपालन संबंधी जिम्मेदारियां खत्म हो गई हैं।

पुराने अप्रूवल और आदेश रहेंगे प्रभावी

NMC की अधिसूचना में पहले लिए गए फैसलों और जारी आदेशों को लेकर भी स्थिति स्पष्ट की गई है। नियम लागू रहने के दौरान की गई कार्रवाई के आधार पर लिए गए निर्णय या जारी किए गए आदेश केवल नियम वापस होने की वजह से अपने आप समाप्त नहीं होंगे।

इसी तरह पहले दिए गए अप्रूवल, नवीनीकरण, आदेश और निर्देश भी सिर्फ इस फैसले के कारण अमान्य नहीं माने जाएंगे। इसका मतलब है कि किसी मेडिकल कॉलेज को पहले मिली मान्यता या मंजूरी केवल 2023 के नियम वापस लिए जाने से अपने आप रद्द नहीं होगी।

संस्थानों की पुरानी जिम्मेदारियां भी रहेंगी बरकरार

अधिसूचना के अनुसार, पुराने नियमों के लागू रहने के दौरान व्यक्तियों या संस्थानों को प्राप्त अधिकारों, सुविधाओं, जिम्मेदारियों और कानूनी दायित्वों पर भी केवल नियम वापस लेने से असर नहीं पड़ेगा।

कुल मिलाकर, NMC का यह फैसला मेडिकल शिक्षा से जुड़े 2023 के नियमों को समाप्त करता है, लेकिन मेडिकल कॉलेजों की रिपोर्टिंग, पहले से जारी आदेशों और अन्य लागू कानूनी दायित्वों को स्वतः समाप्त नहीं करता। संस्थानों को आगे भी लागू कानूनों और NMC के प्रभावी निर्देशों के अनुसार काम करना होगा।