NEET पेपर लीक में बड़ा खुलासा: 30 लाख में खरीदा गया था पेपर, देशभर में फैला नेटवर्क
देश के सबसे बड़े मेडिकल प्रवेश परीक्षा घोटालों में शामिल NEET पेपर लीक मामला में लगातार नए खुलासे हो रहे हैं। जांच एजेंसियों की पड़ताल में सामने आया है कि दो भाइयों ने कथित तौर पर एक डॉक्टर से 30 लाख रुपये देकर परीक्षा का पेपर खरीदा था। इसके बाद इसी पेपर को देशभर में अलग-अलग राज्यों तक पहुंचाया गया।
जांच से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, पेपर लीक का यह नेटवर्क बेहद संगठित तरीके से काम कर रहा था। आरोप है कि मेडिकल क्षेत्र से जुड़े कुछ लोगों और दलालों की मदद से परीक्षा से पहले ही प्रश्नपत्र चुनिंदा छात्रों तक पहुंचाया गया।
बताया जा रहा है कि दो भाइयों ने एक डॉक्टर के माध्यम से पेपर हासिल किया और फिर इसे मोटी रकम लेकर अन्य अभ्यर्थियों तक पहुंचाया गया। पेपर लीक के लिए सोशल मीडिया, एन्क्रिप्टेड चैट और निजी नेटवर्क का इस्तेमाल किया गया, ताकि एजेंसियों की नजर से बचा जा सके।
जांच एजेंसियों को संदेह है कि इस रैकेट के तार कई राज्यों से जुड़े हुए हैं। शुरुआती जांच में बिहार, राजस्थान, उत्तर प्रदेश और दिल्ली समेत कई राज्यों में नेटवर्क सक्रिय होने के संकेत मिले हैं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच अब केंद्रीय एजेंसियों के स्तर पर तेज कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि पूरे नेटवर्क की आर्थिक लेनदेन, कॉल डिटेल और डिजिटल रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं।
इस मामले के सामने आने के बाद छात्रों और अभिभावकों में भारी नाराजगी है। लाखों छात्र सालों मेहनत कर परीक्षा की तैयारी करते हैं, लेकिन पेपर लीक जैसी घटनाएं उनकी मेहनत और भविष्य पर सवाल खड़े कर देती हैं।
विपक्षी दल भी इस मुद्दे पर सरकार को लगातार घेर रहे हैं। कई नेताओं ने निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। साथ ही परीक्षा प्रणाली को अधिक सुरक्षित और पारदर्शी बनाने पर भी जोर दिया जा रहा है।
फिलहाल जांच एजेंसियां पूरे नेटवर्क की परतें खोलने में जुटी हैं और आने वाले दिनों में कई और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।