सीकर में स्मैक-एमडी तस्करों की गैंगवार में युवक की मौत, फुटेज में देंखे 5 आरोपी पकड़े; 25 घंटे बाद धरना समाप्त
राजस्थान के सीकर जिले में स्मैक और एमडी से जुड़े तस्करों के बीच गैंगवार में 29 वर्षीय युवक संदीप पिलानियां की मौत के मामले में पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। सदर थाना पुलिस ने मामले में पांच आरोपियों को पकड़ा है। वहीं, फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस की सात टीमें अलग-अलग स्थानों पर दबिश दे रही हैं। दूसरी ओर, एसके अस्पताल की मोर्चरी के बाहर चल रहा धरना 25 घंटे बाद समाप्त हो गया।
घटना बुधवार देर रात भढाढर गांव में हुई थी। शुरुआती जानकारी के अनुसार, संदीप अपने साथियों के साथ कैंपर गाड़ी में जा रहा था। इसी दौरान दूसरी गाड़ियों ने उसकी गाड़ी को टक्कर मार दी। इसके बाद घटनाक्रम ने गंभीर रूप ले लिया और इस मामले में गैंगवार की बात सामने आई।
पेट्रोल लेने जा रहे थे संदीप और उसके साथी
जानकारी के अनुसार, जीतपुरा निवासी संदीप पिलानियां (29) पुत्र नेमीचंद पिलानियां अपने साथियों प्रवीण, सोयल, आनंद, मोहित और मुकेश के साथ कैंपर गाड़ी में था। बुधवार देर रात करीब 12:30 बजे वे भढाढर गांव की एक वर्कशॉप से रवाना हुए और पेट्रोल पंप की तरफ गए।
बताया जा रहा है कि पहले पेट्रोल पंप पर पेट्रोल नहीं मिलने के कारण वे पास स्थित दूसरे पेट्रोल पंप की ओर जा रहे थे। इसी दौरान सामने से आ रही एक कैंपर गाड़ी ने संदीप की गाड़ी को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद संदीप की कैंपर बंद हो गई।
दो कैंपर और स्कॉर्पियो ने भी मारी टक्कर
आरोप है कि पहली टक्कर के बाद दो और कैंपर गाड़ियां तथा एक स्कॉर्पियो मौके पर पहुंचीं। इन वाहनों ने संदीप की कैंपर को पीछे और साइड से टक्कर मारी। इस घटनाक्रम के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
पुलिस मामले को स्मैक और एमडी तस्करी से जुड़े गुटों के बीच गैंगवार के रूप में देख रही है। हालांकि, घटना के सभी पहलुओं और आरोपियों की भूमिका की पुष्टि जांच के आधार पर होगी।
पांच आरोपी पकड़े, सात टीमें तलाश में जुटीं
सदर थाना पुलिस ने मामले में पांच आरोपियों को पकड़ा है। पुलिस की सात टीमें अन्य आरोपियों की तलाश में अलग-अलग जगहों पर दबिश दे रही हैं। पुलिस घटनास्थल से जुड़े तथ्यों और वारदात में शामिल लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
25 घंटे बाद समाप्त हुआ धरना
घटना के बाद एसके अस्पताल की मोर्चरी के बाहर धरना दिया जा रहा था। यह धरना करीब 25 घंटे बाद समाप्त हो गया। धरना समाप्त होने के बाद पुलिस मामले की जांच और आरोपियों की तलाश में जुटी है।
सीकर की इस घटना ने इलाके में नशे के कारोबार से जुड़े आपराधिक गुटों की गतिविधियों को लेकर चिंता बढ़ा दी है। फिलहाल पुलिस की प्राथमिकता फरार आरोपियों को पकड़ना और वारदात से जुड़े सभी तथ्यों का पता लगाना है।