कोटा पुलिस का बड़ा एक्शन: अमन ‘बच्चा’ गिरफ्तार, रोहित गोदारा गैंग का रंगदारी नेटवर्क बेनकाब
राजस्थान के कोटा में पुलिस ने संगठित अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए कुख्यात अपराधी अमन उर्फ ‘बच्चा’ को गिरफ्तार किया है। इस गिरफ्तारी के साथ ही गैंगस्टर रोहित गोदारा से जुड़े एक बड़े रंगदारी नेटवर्क का खुलासा हुआ है। पुलिस की जांच में सामने आया है कि यह गिरोह विदेश में बैठे अपने सरगना के इशारे पर राजस्थान में व्यापारियों और ठेकेदारों को निशाना बना रहा था।
विदेश से संचालित हो रहा था नेटवर्क
पुलिस सूत्रों के अनुसार, रोहित गोदारा अब पुराने गैंग से अलग होकर अपना स्वतंत्र नेटवर्क खड़ा करने की कोशिश में है। वह विदेश में रहकर अपने गुर्गों के जरिए राजस्थान में रंगदारी का जाल फैला रहा था। इस नेटवर्क के जरिए व्यापारियों को धमकाकर पैसे वसूलने की साजिश रची जा रही थी।
अमन ‘बच्चा’ की भूमिका
गिरफ्तार आरोपी अमन उर्फ बच्चा इस गिरोह का अहम सदस्य बताया जा रहा है। वह गैंग के लिए जमीन पर काम करता था, जिसमें टारगेट की पहचान करना, उनकी गतिविधियों की रैकी करना और फिर उनसे संपर्क स्थापित करना शामिल था। पुलिस का मानना है कि अमन जैसे गुर्गे ही गैंग के नेटवर्क को जमीन पर मजबूत बनाते हैं।
इससे पहले भी अमन पर कई गंभीर मामले दर्ज हैं, जिनमें रंगदारी, फायरिंग और हत्या के प्रयास जैसे अपराध शामिल बताए जाते हैं।
अजमेर जेल से जुड़े तार
जांच में यह भी सामने आया है कि इस पूरे नेटवर्क के तार जेल में बंद अपराधियों से भी जुड़े हुए हैं। बताया जा रहा है कि अजमेर जेल में बने संपर्कों के जरिए ठेकेदारों और व्यापारियों की जानकारी जुटाई जा रही थी, जिसके बाद उन्हें निशाना बनाया जाता था।
तीन महीने से चल रही थी जांच
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक यह मामला करीब तीन महीने पुराना है। लगातार तकनीकी और खुफिया इनपुट के आधार पर पुलिस ने इस नेटवर्क की कड़ियों को जोड़ा और आखिरकार आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई को कोटा पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है।
अन्य राज्यों में भी फैला नेटवर्क
जांच एजेंसियों का कहना है कि यह गैंग सिर्फ राजस्थान तक सीमित नहीं है। इससे पहले भी इस गिरोह के सदस्य गुजरात जैसे राज्यों में रंगदारी नेटवर्क खड़ा करने की कोशिश करते पकड़े जा चुके हैं। इन आरोपियों पर 20 से अधिक गंभीर आपराधिक मामले दर्ज होने की जानकारी भी सामने आई है।
व्यापारियों में दहशत
इस तरह के मामलों से प्रदेश के व्यापारियों और ठेकेदारों में डर का माहौल बना हुआ है। कई मामलों में अंतरराष्ट्रीय नंबरों से कॉल कर करोड़ों रुपये की रंगदारी मांगने की घटनाएं भी सामने आ चुकी हैं।
पुलिस का अगला कदम
पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इस गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों को भी गिरफ्तार किया जाएगा। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल है और इसके तार किन-किन राज्यों या देशों तक फैले हैं।