चंबल फर्टिलाइजर एंड केमिकल्स चोरी का खुलासा: अंतरराज्यीय गिरोह के 6 सदस्य गिरफ्तार
जिला ग्रामीण पुलिस ने एक बड़े अंतरराज्यीय चोर गिरोह को बेनकाब करते हुए 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में तीन शातिर चोर और चोरी का माल खरीदने वाले तीन सर्राफा व्यापारी शामिल हैं। पुलिस ने बताया कि यह गिरोह लंबे समय से विभिन्न राज्यों में चोरी की घटनाओं में शामिल था।
पुलिस के अनुसार, यह गिरोह दिसंबर 2025 में चंबल फर्टिलाइजर एंड केमिकल्स लिमिटेड (CFCFL) टाउनशिप, गड़ेपान में हुई करोड़ों रुपए की चोरी का मुख्य आरोपी था। इस चोरी में कंपनी के गोदाम से भारी मात्रा में कीमती सामान गायब हो गया था।
जिला ग्रामीण पुलिस ने बताया कि शुरुआती जांच और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान की गई। इसके बाद अंतरराज्यीय स्तर पर छापेमारी और निगरानी के बाद गिरोह के सभी छह सदस्यों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने बताया कि गिरोह का संचालन एक संगठित तरीके से होता था और चोरी के बाद माल की तस्करी करके उसे विभिन्न राज्यों में बेचा जाता था।
गिरफ्तार आरोपियों में शामिल तीन सर्राफा व्यापारी उन चोरों से चोरी का माल खरीदकर उसे बाजार में बेचते थे। पुलिस ने बताया कि इन व्यापारीयों के माध्यम से चोरी का माल कई बार लॉन्ग डिस्टेंस ट्रांजैक्शन के जरिए दूसरे शहरों में भेजा गया।
पुलिस ने कहा कि इस गिरोह के खिलाफ कड़े कदम उठाए जाएंगे और सभी वारदातों की गहन जांच की जा रही है। अभी तक की प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि गिरोह ने पिछले कुछ वर्षों में कई राज्यों में इसी तरह की वारदातों को अंजाम दिया है।
जिला ग्रामीण पुलिस अधीक्षक ने मीडिया से बातचीत में कहा, "यह गिरोह न सिर्फ शातिर था बल्कि बड़े पैमाने पर संगठित तरीके से चोरी को अंजाम दे रहा था। आज इन आरोपियों की गिरफ्तारी से इलाके में सुरक्षा की स्थिति मजबूत होगी। हम सुनिश्चित करेंगे कि चोरी का सारा माल वापस पाया जाए और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।"
इस मामले में पुलिस ने स्थानीय लोगों से भी अपील की है कि यदि उन्होंने किसी संदिग्ध गतिविधि या किसी तरह के चोरी के मामले को देखा हो, तो तुरंत पुलिस को सूचित करें। साथ ही उन्होंने कहा कि इस गिरोह के अन्य साथियों की तलाश जारी है।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के अंतरराज्यीय गिरोह अक्सर उच्च स्तर की संगठित चोरी और तस्करी में शामिल होते हैं। ऐसे मामलों में पुलिस की त्वरित कार्रवाई और इलाके में सतर्कता ही इन अपराधों को रोकने का सबसे प्रभावी तरीका है।