जैसलमेर में 10वीं बोर्ड रिजल्ट: दो सरकारी स्कूलों का शून्य परिणाम, वीडियो में देंखे शिक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड द्वारा जारी 10वीं कक्षा के परिणामों में जैसलमेर जिले के दो सरकारी स्कूलों का परिणाम शून्य रहने से शिक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। इन स्कूलों में एक भी छात्र परीक्षा उत्तीर्ण नहीं कर सका, जिससे स्थानीय स्तर पर चिंता का माहौल है।
नाचना क्षेत्र के बाहला और पांचे का तला स्थित उच्च माध्यमिक विद्यालयों का प्रदर्शन इस बार बेहद निराशाजनक रहा। बाहला स्कूल से 9 छात्रों ने 10वीं की परीक्षा दी थी, जिनमें से 8 छात्र अनुत्तीर्ण हो गए, जबकि एक छात्र को पूरक परीक्षा (सप्लीमेंट्री) मिली है। वहीं पांचे का तला स्कूल में परीक्षा देने वाले दोनों छात्र भी असफल रहे।
इन परिणामों के बाद शिक्षा विभाग में हलचल मच गई है और मामले की समीक्षा की संभावना जताई जा रही है। जानकारी के अनुसार, कॉपियों की दोबारा जांच कराने की मांग भी उठाई जा रही है ताकि परिणामों की पारदर्शिता सुनिश्चित की जा सके।
जिले के अन्य स्कूलों के प्रदर्शन पर नजर डालें तो चार ऐसे सरकारी विद्यालय भी सामने आए हैं, जहां बड़ी संख्या में छात्रों को सप्लीमेंट्री मिली है। इससे शिक्षा की गुणवत्ता और पढ़ाई के स्तर को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
हालांकि राहत की बात यह है कि जिले के 172 सरकारी स्कूलों ने 100 प्रतिशत परिणाम हासिल किया है, जो एक सकारात्मक संकेत माना जा रहा है। इसके बावजूद 22 सरकारी और 2 निजी स्कूल ऐसे रहे जिनका परिणाम 50 प्रतिशत से भी कम रहा, जिससे जिले में शैक्षणिक असमानता स्पष्ट रूप से सामने आई है।
शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के परिणामों की गहन समीक्षा जरूरी है, ताकि कमजोर प्रदर्शन वाले स्कूलों की समस्याओं की पहचान कर सुधारात्मक कदम उठाए जा सकें। फिलहाल प्रशासन और शिक्षा विभाग की नजर इस पूरे मामले पर बनी हुई है।