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डमी बैठाकर पास हुई महिला ट्रेनी एसआई गिरफ्तार, वीडियो में देखें एसओजी की कार्रवाई से पुलिस महकमे में हड़कंप

 

राजस्थान में फर्जीवाड़े के एक बड़े मामले का खुलासा करते हुए स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने सोमवार को जोधपुर पुलिस लाइन से एक महिला ट्रेनी एसआई को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार की गई ट्रेनी एसआई का नाम समेता कुमारी है, जिस पर आरोप है कि उसने राजस्थान पुलिस में चयनित होने के लिए डमी कैंडिडेट का सहारा लिया और संगीता विश्नोई नामक युवती को अपनी जगह परीक्षा में बैठाकर सफलता हासिल की।

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परीक्षा में फर्जीवाड़े का मामला

राजस्थान एसओजी की जांच में सामने आया कि समेता कुमारी ने वर्ष 2021-22 में हुई उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा में अपनी जगह संगीता विश्नोई को परीक्षा में बैठाया। संगीता ने समेता के स्थान पर लिखित परीक्षा दी और पास भी हो गई। इसके बाद समेता ने जयपुर स्थित राजस्थान पुलिस अकादमी में ट्रेनिंग पूरी की और जोधपुर पुलिस लाइन में बतौर ट्रेनी एसआई जॉइनिंग भी ले ली।

इस फर्जीवाड़े की जानकारी मिलने के बाद एसओजी ने मामले की जांच शुरू की, जिसमें तकनीकी और दस्तावेजी साक्ष्यों के आधार पर समेता की पहचान पुख्ता हुई। सोमवार को कार्रवाई करते हुए SOG की टीम ने समेता को जोधपुर पुलिस लाइन से हिरासत में लेकर औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया।

पहचान पत्रों और बायोमेट्रिक का हुआ दुरुपयोग

सूत्रों के मुताबिक, इस फर्जीवाड़े को अंजाम देने के लिए समेता ने अपनी फोटो, पहचान पत्र और अन्य व्यक्तिगत विवरण संगीता को दिए, जिससे वह परीक्षा केंद्र पर समेता की पहचान के रूप में परीक्षा दे सके। SOG की टीम इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या इस रैकेट में कोई अन्य उम्मीदवार या अधिकारी भी शामिल है।

एसओजी की सख्ती, और गिरफ्तारियां संभव

राज्य में डमी कैंडिडेट के माध्यम से नौकरी हासिल करने के कई मामले पहले भी सामने आ चुके हैं, लेकिन यह मामला इसलिए गंभीर है क्योंकि आरोपी अब तक पुलिस विभाग का हिस्सा बन चुकी थी। एसओजी इस पूरे प्रकरण को व्यापक स्तर पर खंगाल रही है और संभावना है कि आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां हो सकती हैं।

पुलिस महकमे में हड़कंप

इस मामले ने राजस्थान पुलिस महकमे में हड़कंप मचा दिया है। एक ओर जहां भर्ती प्रक्रियाओं की पारदर्शिता पर सवाल उठ रहे हैं, वहीं दूसरी ओर विभागीय विश्वास और छवि को भी गहरा आघात लगा है।
राजस्थान पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने कहा है कि दोषियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा और भर्ती प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी व तकनीकी रूप से मजबूत किया जाएगा।